{"_id":"5daad6158ebc3e93bb4c77ea","slug":"pen-down-strike-continues-in-jammu-kashmir-against-privatization","type":"story","status":"publish","title_hn":"जम्मू-कश्मीरः निजीकरण के खिलाफ जारी है पेन डाउन हड़ताल, फैसला वापस न लेने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जम्मू-कश्मीरः निजीकरण के खिलाफ जारी है पेन डाउन हड़ताल, फैसला वापस न लेने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी
Sat, 19 Oct 2019 02:53 PM IST
प्रशांत कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: प्रशांत कुमार
Updated Sat, 19 Oct 2019 02:53 PM IST
विज्ञापन
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : सोशल मीडिया
ऑल जेएंडके पावर इंप्लाइज एंड इंजीनियर्स कोआर्डिनेशन कमेटी के आह्वान पर पेन डाउन हड़ताल शुक्रवार को भी जारी रही। परेड स्थित कार्यालय के बाहर पीडीडी कर्मचारियों ने प्रदर्शन कर विभाग के निजीकरण के फैसले पर विरोध जताया और नारेबाजी की।
विज्ञापन
कर्मचारियों ने कहा कि जल्द ही फैसला वापस नहीं लिया गया तो उग्र आंदोलन शुरू किया जाएगा। हड़ताल से वर्कशाप में कामकाज पूरी तरह से ठप रहा है। वहीं, मरम्मत कार्य पर भी अस्थायी कर्मचारी कार्य करने नहीं पहुंचे। उधर, कमेटी के चेयरमैन इंजीनियर जयपाल शर्मा ने कहा कि पीडीडी के निजीकरण के फैसले के विरोध में प्रदर्शन जारी है।
विज्ञापन
निजीकरण के बारे में अभी तक विभाग के अधिकारी कुछ भी स्पष्ट नहीं कर रहे हैं। कर्मचारियों को स्थिति जानने का अधिकारहै। निजीकरण होने से लगभग 31 हजार से ज्यादा कर्मचारियों को नुकसान होगा।
विज्ञापन
कर्मचारियों का कहना है कि पहले भी काम निजी कंपनियों के हवाले करने से गुणवत्ता पर सवाल उठे थे। अब फिर से विभाग गलती कर रहा है। निजीकरण से बिजली दरों में भी बढ़ोतरी होगी। उद्योग जगत भी प्रभावित होगा।