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लगातार दूसरे दिन भी बारिश-बर्फबारी से जनजीवन बेहाल, बना रिकार्ड
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Mughal road closed for second day also
- फोटो : RAJOURI
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राजोरी। बदले मौसम के तेवर ने पीरपंजाल इलाके में नया रिकार्ड बना दिया। ऐसा पहली बार हुआ कि नवंबर के पहले सप्ताह में ही बुद्धल, कोटरंका, थन्ना मंडी और दरहाल के बाजारों में बर्फबारी हो गई। मंगलवार की रात से जारी मूसलाधार बारिश का सिलसिला वीरवार को भी जारी रही। इसके चलते नदी नालों में बाढ़ की स्थिति बन गई। बिजली आपूर्ति ठप हो गई है। कई इलाकों का मुख्यालय से संपर्क कट गया है।
मंगलवार की रात को शुरू हुई मूसलाधार बारिश और पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी का सिलसिला वीरवार को भी जारी रहने से जनजीवन पटरी से उतर गया है। जिले के पहाड़ी इलाके बुद्धल, कोटरंका, थन्ना मंडी और दरहाल के ऊंचे पहाड़ों के साथ मुख्य बाजारों में भी बर्फबारी का शुरू हो गई। बाजारों में तीन से चार इंच और पहाड़ों पर एक से दो फुट तक बर्फबारी होने की सूचना है। इससे इलाके में कड़ाके की सर्दी पड़ने लगी है। पहाड़ी इलाकों में गर्म कपड़े और आग का सहारा भी नाकाफी साबित हो रहा है।
मौसम के बिगड़े मिजाज के कारण पहाड़ी इलाकों में लगातार दूसरे दिन भी बिजली आपूर्ति ठप रही। बिजली ठप होने के कारण कई प्रकार की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई इलाकों में यातायात भी ठप हो गया। कुछ इलाकों का जिला मुख्यालय से संपर्क भी कट गया है। इतना ही नहीं राजोरी शहर और आसपास के इलाकों में भी वीरवार को बिजली का आना-जाना लगा रहा है। इससे लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं।
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मूसलाधार बारिश के कारण पहाड़ी इलाकों में बिजली के खंभे, तार और ट्रांसफार्मर को काफी नुकसान पहुंचा है। उनकी मरम्मत कर बिजली बहाल करने में खराब मौसम के कारण दिक्कतें आ रही हैं। मौसम साफ होने पर नुकसान का जायजा लिया जाएगा और युद्ध स्तर पर बिजली बहाल करने का प्रयास किया जाएगा।
मुंशी खान, एक्सईएन, पीडीडी
लोगों ने नहीं की थी बर्फबारी की तैयारी
राजोरी जिले के पहाड़ी इलाकों में समय से काफी पहले इस बार भारी बर्फबारी हो गई। मौसम के ऐसे मिजाज से बचने के लिए लोगों ने अभी तैयारी नहीं की थी। क्योंकि इतनी जल्दी बर्फबारी आज तक हुई ही नहीं थी। बर्फबारी के प्रकोप से बचने के लिए लोगों ने लकड़ी, कोयला, मिट्टी का तेल, राशन इत्यादि जमा नहीं किया था, जिससे लोगों के सामने अचानक मुसीबत खड़ी हो गई है।
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मंगलवार की रात को शुरू हुई मूसलाधार बारिश और पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी का सिलसिला वीरवार को भी जारी रहने से जनजीवन पटरी से उतर गया है। जिले के पहाड़ी इलाके बुद्धल, कोटरंका, थन्ना मंडी और दरहाल के ऊंचे पहाड़ों के साथ मुख्य बाजारों में भी बर्फबारी का शुरू हो गई। बाजारों में तीन से चार इंच और पहाड़ों पर एक से दो फुट तक बर्फबारी होने की सूचना है। इससे इलाके में कड़ाके की सर्दी पड़ने लगी है। पहाड़ी इलाकों में गर्म कपड़े और आग का सहारा भी नाकाफी साबित हो रहा है।
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मौसम के बिगड़े मिजाज के कारण पहाड़ी इलाकों में लगातार दूसरे दिन भी बिजली आपूर्ति ठप रही। बिजली ठप होने के कारण कई प्रकार की दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई इलाकों में यातायात भी ठप हो गया। कुछ इलाकों का जिला मुख्यालय से संपर्क भी कट गया है। इतना ही नहीं राजोरी शहर और आसपास के इलाकों में भी वीरवार को बिजली का आना-जाना लगा रहा है। इससे लोगों की परेशानियां बढ़ गई हैं।
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मूसलाधार बारिश के कारण पहाड़ी इलाकों में बिजली के खंभे, तार और ट्रांसफार्मर को काफी नुकसान पहुंचा है। उनकी मरम्मत कर बिजली बहाल करने में खराब मौसम के कारण दिक्कतें आ रही हैं। मौसम साफ होने पर नुकसान का जायजा लिया जाएगा और युद्ध स्तर पर बिजली बहाल करने का प्रयास किया जाएगा।
मुंशी खान, एक्सईएन, पीडीडी
लोगों ने नहीं की थी बर्फबारी की तैयारी
राजोरी जिले के पहाड़ी इलाकों में समय से काफी पहले इस बार भारी बर्फबारी हो गई। मौसम के ऐसे मिजाज से बचने के लिए लोगों ने अभी तैयारी नहीं की थी। क्योंकि इतनी जल्दी बर्फबारी आज तक हुई ही नहीं थी। बर्फबारी के प्रकोप से बचने के लिए लोगों ने लकड़ी, कोयला, मिट्टी का तेल, राशन इत्यादि जमा नहीं किया था, जिससे लोगों के सामने अचानक मुसीबत खड़ी हो गई है।