जम्मू में मोदी जैसी ब्रांडिंग करना चाहते हैं मुफ्ती
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
भाजपा की ब्रांडिंग से प्रभावित होकर अन्य पार्टियां भी अब ब्रांडिंग पर फोकस कर रही हैं। पीडीपी संरक्षक और पूर्व मुख्यमंत्री मुफ्ती मोहमद सईद भी अब पार्टी की ब्रांडिंग को जरूरी मानने लगे हैं।
एक कार्यक्रम में बोलते हुए मुफ्ती ने कहा, हमारी पार्टी के कार्यकाल के दौरान बहुत से अच्छे काम किए गए लेकिन जनता को उनके बारे में कुछ जानकारी नहीं है।
उन्होंने पीडीपी नेताओं और कार्यकर्ताओं से कहा कि लोकसभा चुनाव के दौरान जिस तरह से मोदी ने गुजरात माडल की ब्रांडिंग कर जनता का समर्थन हासिल किया।
वैसे ही जम्मू-कश्मीर विधानसभा चुनाव के दौरान मतदाताओं को पीडीपी के तीन साल के कार्यकाल के बारे में बताया जाए।
भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाया गया
पूर्व विधायक कर्ण सिंह के बेटे विक्रमादित्य सिंह के पीडीपी में शामिल होने के कार्यक्रम में बोलते हुए मुफ्ती ने कहा कि मौजूदा समय में भ्रष्टाचार और पिछले दरवाजे से नियुक्तियों का बोलबाला है।
इस वजह से जम्मू-कश्मीर को डेलीवेजर बनाकर छोड़ दिया गया है, जबकि पीडीपी के तीन साल के शासनकाल में पिछले दरवाजे पर नियुक्तियों पर पूरी तरह रोक रही। भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाया गया।
हर काम मेरिट पर किया गया। तीनों क्षेत्रों के लोगों के साथ सामान व्यवहार हुआ।
चुनाव में हार की बौखलाहट
मुफ्ती ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के इतिहास को बदलने की पीडीपी के समक्ष बड़ी चुनौती है। इसके लिए लोगों को पीडीपी के साथ जुड़ना होगा। मुफ्ती ने नेकां और कांग्रेस दोनों को रियासत के बदतर हालात के लिए जिम्मेदार ठहराया।
मुफ्ती ने कहा कि नेकां और कांग्रेस के चोली-दामन के साथ ने रियासत को डेलीवेजर बना दिया है।
पीडीपी अध्यक्ष एवं सांसद महबूबा मुफ्ती ने कहा कि नेकां-कांग्रेस गठबंधन सरकार लोकसभा चुनाव में हार की बौखलाहट में पिछले साढ़े पांच सालों से अपनी नाकामियों का गुस्सा अधिकारियों और मुलाजिमों पर निकाल रही है।
जम्मू-कश्मीर नाजुक दौर में
महबूबा ने कहा कि उपभोक्ता और जनवितरण एवं परिवहन मंत्री मोहम्मद रमजान से व्यवहार से दुखी होकर पीएचई विभाग कश्मीर के चीफ इंजीनियर ने इस्तीफा तक दे दिया है। उन्होंने कहा कि वह पीडीपी मंत्री के व्यवहार की निंदा करती है।
उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर मौजूदा समय में नाजुक दौर से गुजर रहा है और आने वाली सरकार पीडीपी की होगी। पीडीपी ने लोकसभा चुनाव में कश्मीर संभाग में 46 सीटों में से 39 सीटों पर बढ़त ली है। इसके अलावा जम्मू संभाग में करीब तीन सीटों पर पीडीपी की बढ़त रही।
उन्होंने कहा कि विधानसभा चुनाव में जम्मू संभाग से पीडीपी को अच्छी सीटें मिलें, इसके लिए जनसंपर्क अभियान तेजी से चलाया जाना चाहिए ताकि जम्मू संभाग को भी सरकार में पर्याप्त प्रतिनिधित्व मिल सके।
उन्होंने कहा कि विक्रमादित्य सिंह के रूप में पीडीपी को जम्मू में चेहरा मिला है और अब यह देखना है कि लोग पीडीपी को कितनी सीटें देते हैं।