{"_id":"67c2160fc3b2f133de011f5b","slug":"jammu-kashmir-news-jammu-news-c-10-jam1003-556457-2025-03-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jammu News: सदन में सत्ता-विपक्ष में घमासान तय","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Jammu News: सदन में सत्ता-विपक्ष में घमासान तय
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जम्मू। आगामी तीन मार्च से शुरू हो रहे बजट सत्र में सत्ता-विपक्ष में घमासान तय माना जा रहा है। इसके लिए पहले ही पृष्ठभूमि बन चुकी है। भाजपा साफ कर चुकी है कि जनता के मुद्दों को छोड़कर अन्य राष्ट्र हित के खिलाफ किसी भी एजेंडे को बर्दाश्त नहीं किया जाए। वहीं, पीडीपी कश्मीर में जनाधार बनाए रखने के लिए कई विवादास्पद बिल लाने की तैयारी कर रही है। सत्तापक्ष में नेशनल कान्फ्रेंस के लिए अपने चुनावी एजेंडों को लाने के साथ सबके साथ सहमति बनाना चुनौती रहेगा।
पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने जेएंडके पीपुल्स कान्फ्रेंस के सज्जाद लोन को पत्र लिखकर तीन बिलों पर समर्थन मांगा है। इसमें जम्मू कश्मीर (पब्लिक भूमि पर स्थानीय नागरिकों के संपत्ति अधिकारों के नियमितीकरण व पुनर्गठन) बिल 2025, जम्मू कश्मीर नागरिक सेवा (एडहाक, दैनिक वेतन भोगियों, नीड आधारित व अन्य अस्थायी कर्मियों के नियमितीकरण के लिए विशेष प्रावधान), अधिनियम 2025 और जम्मू कश्मीर शराब पर प्रतिबंध बिल 2025 लाने जा रही है। कश्मीर केंद्रित दल एकजुट होकर भाजपा को टक्कर देने की तैयारी कर रहे हैं। इंडिया ब्लाक में कांग्रेस और नेकां ने भी 2 मार्च विधायक दल की बैठक बुलाई है। जिसमें बजट सत्र की रणनीति पर चर्चा की जाएगी। कांग्रेस अनुच्छेद 370 को छोड़कर विशेष तौर पर जम्मू कश्मीर को राज्य का दर्जा वापस देने पर जोर देती रही है। विधानसभा अध्यक्ष अब्दुल रहीम राथर के सामने भले ही सभी दलों ने पूरा सहयोग करने की बात कही है, लेकिन सबके अपने अपने एजेंडों से साफ है कि सभी अलग अलग बात पर आमने सामने होंगे। वहीं, सरकार के लिए बजट सत्र में अपने चुनावी वादों को लाना मजबूरी है। विधानसभा में 3 मार्च को उपराज्यपाल के भाषण के साथ सत्र की शुरुआत होगी।
विज्ञापन
पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने जेएंडके पीपुल्स कान्फ्रेंस के सज्जाद लोन को पत्र लिखकर तीन बिलों पर समर्थन मांगा है। इसमें जम्मू कश्मीर (पब्लिक भूमि पर स्थानीय नागरिकों के संपत्ति अधिकारों के नियमितीकरण व पुनर्गठन) बिल 2025, जम्मू कश्मीर नागरिक सेवा (एडहाक, दैनिक वेतन भोगियों, नीड आधारित व अन्य अस्थायी कर्मियों के नियमितीकरण के लिए विशेष प्रावधान), अधिनियम 2025 और जम्मू कश्मीर शराब पर प्रतिबंध बिल 2025 लाने जा रही है। कश्मीर केंद्रित दल एकजुट होकर भाजपा को टक्कर देने की तैयारी कर रहे हैं। इंडिया ब्लाक में कांग्रेस और नेकां ने भी 2 मार्च विधायक दल की बैठक बुलाई है। जिसमें बजट सत्र की रणनीति पर चर्चा की जाएगी। कांग्रेस अनुच्छेद 370 को छोड़कर विशेष तौर पर जम्मू कश्मीर को राज्य का दर्जा वापस देने पर जोर देती रही है। विधानसभा अध्यक्ष अब्दुल रहीम राथर के सामने भले ही सभी दलों ने पूरा सहयोग करने की बात कही है, लेकिन सबके अपने अपने एजेंडों से साफ है कि सभी अलग अलग बात पर आमने सामने होंगे। वहीं, सरकार के लिए बजट सत्र में अपने चुनावी वादों को लाना मजबूरी है। विधानसभा में 3 मार्च को उपराज्यपाल के भाषण के साथ सत्र की शुरुआत होगी।
विज्ञापन