फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   Found both ends of the fourth longest tunnel between Sangaldan to Sumber station katra banihal rail

Katra-Banihal Rail: संगलदान-सुंबर स्टेशन के बीच चौथी सबसे लंबी सुरंग के दोनों छोर मिले

Wed, 19 Oct 2022 02:34 PM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू
अमर उजाला नेटवर्क, जम्मू Published by: जम्मू और कश्मीर ब्यूरो Updated Wed, 19 Oct 2022 02:34 PM IST
सार

रेल सेक्शन के संगलदान और सुंबर स्टेशन के बीच भारतीय रेलवे की चौथी सबसे लंबी 10.18 किमी लंबी सुरंग टी-48 के दोनों छोर मिला दिए गए हैं।

विज्ञापन
Found both ends of the fourth longest tunnel between Sangaldan to Sumber station katra banihal rail
worlds highest rail bridge in Jammu and Kashmir (File) - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

कटड़ा-बनिहाल रेल सेक्शन पर जारी निर्माण कार्य में मंगलवार को उत्तर रेलवे ने एक और उपलब्धि हासिल की है। रेल सेक्शन के संगलदान और सुंबर स्टेशन के बीच भारतीय रेलवे की चौथी सबसे लंबी 10.18 किमी लंबी सुरंग टी-48 के दोनों छोर मिला दिए गए हैं। घोड़े के नाल के आकार वाली सुरंग उत्तर से सुंबर स्टेशन यार्ड और दक्षिण से धरम गांव चिंजी नाला पर ब्रिज नंबर 1 को जोड़ती है। इसका निर्माण न्यू ऑस्ट्रियन टनलिंग पद्धति (एनएटीएम) द्वारा किया गया है। यह ड्रिल और ब्लास्ट प्रक्रियाओं की एक आधुनिक तकनीक है।
विज्ञापन


उत्तर रेलवे के महाप्रबंधक आशुतोष गंगल ने इसे रेलवे की बड़ी उपलिब्ध बताया। सुरंग की लाइन और लेवल सटीक तरह से हासिल किया गया। सुरंग की खुदाई का कार्य दो छोरों धरम प्रवेश द्वार (328 मीटर) और कोहली प्रवेश द्वार (829 मीटर) से शुरू किया गया था। ये जुड़वां ट्यूब सुरंग हैं जिसमें मुख्य सुरंग (10.186 किलोमीटर) और 24 क्रॉस-पैसेज से जुड़ी एस्केप टनल (9.788 किलोमीटर) शामिल है। सुरंग का निर्माण अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार किया गया है।
विज्ञापन


इसमें आपातकालीन परिस्थितियों में बचाव और राहत कार्यों के लिए प्रावधान है। काफी चुनौतियों से भरे इस कार्य को उत्तर रेलवे, मेसर्स इरकॉन और मेसर्स जीईसीपीएल (कार्यकारी एजेंसी) के संयुक्त प्रयासों से पूरा किया गया है। मुख्य प्रशासनिक अधिकारी यूएसबीआरएल एसपी माही, इरकॉन के निदेशक पराग वर्मा और उत्तर रेलवे की टीम, इरकॉन के अधिकारी और मैसर्स जीईसीपीएल की मौजूदगी में सुरंग के दोनों छोर को आपस में मिलाया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन


स्थानीय लोगों को मिला रोजगार
सुरंग की निर्माण गतिविधियों के दौरान आसपास के गांवों के 70 फीसदी से अधिक श्रमिक विभिन्न निर्माण गतिविधियों में शामिल रहे। रामबन जिले के सुंबर क्षेत्र में टी-48 सुरंग (10.2 किमी) देश की चौथी सबसे लंबी रेल परिवहन सुरंग है। इससे लंबी तीनों सुरंगें इस परियोजना में शामिल हैं। इसमें सुंबर-खारी स्टेशनों के बीच 12.75 किलोमीटर लंबी टी-49 सुरंग, संगलदान-बसिंधादर स्टेशनों के बीच 11.25 किलोमीटर लंबी सुरंग टी-15 और बनिहाल-काजीगुंड स्टेशनों के बीच 11.2 किलोमीटर लंबी पीर-पंजाल सुरंग है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed