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Jammu News: नहरों के किनारे कचरा जमा करने पर वित्तीय आयुक्त ने जताई नाराजगी
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काबरा ने रणबीर व तवी नहर का किया निरीक्षण, खाद निकालने के कार्य की प्रगति जानी
संवाद न्यूज एजेंसी
अरनिया। जलशक्ति विभाग के वित्तीय आयुक्त शालीन काबरा ने शनिवार को रणबीर और तवी नहर पर चल रहे वार्षिक डिसिल्टिंग कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। कार्यों की समीक्षा के दौरान वित्तीय आयुक्त ने नहरों के किनारे कचरा डंपिंग और अनट्रीटेड सीवेज के सीधे बहाव पर नाराजगी जताई।
उन्होंने नालों को इंटरसेप्ट करने वाले प्रोजेक्ट तैयार करने के निर्देश दिए ताकि नहरों में स्वच्छ जल का प्रवाह बना रहे। दोनों नहरों के विभिन्न खंडों, वितरण नेटवर्क और साइफनों का निरीक्षण करते हुए उन्होंने सुनिश्चित किया कि आगामी सिंचाई सत्र में अंतिम छोर क्षेत्रों तक पानी पहुंचेगा। यह दौरा जलशक्ति मंत्री जावेद अहमद राणा की ओर से प्रस्तावित नहरों की रिचार्जिंग से पहले किया गया। जलशक्ति विभाग जम्मू के मुख्य अभियंता, हाइड्रोलिक सर्किल जम्मू के अधीक्षण अभियंता व अन्य अधिकारी भी इस माैके पर मौजूद रहे।
वार्षिक डिसिल्टिंग नहर प्रणाली को मूल डिजाइन क्षमता में बहाल करने का अनिवार्य रखरखाव है जिसमें नहर तल और किनारों से जमा खाद, खरपतवार व बाधाओं को हटाया जाता है। जनवरी-मार्च के नहर बंदी काल में ये कार्य किए जाते हैं। पिछले तीन वर्षों से सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण विभाग ने तीन माह के बजाय दो माह में कार्य पूरा कर लिया है। इससे नहरें अब 13 अप्रैल के बजाय मार्च के दूसरे सप्ताह में रिचार्ज हो रही हैं। काबरा ने अधिकारियों को कार्यों पर निगरानी, गुणवत्ता मानकों व समय सीमा का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए।
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संवाद न्यूज एजेंसी
अरनिया। जलशक्ति विभाग के वित्तीय आयुक्त शालीन काबरा ने शनिवार को रणबीर और तवी नहर पर चल रहे वार्षिक डिसिल्टिंग कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। कार्यों की समीक्षा के दौरान वित्तीय आयुक्त ने नहरों के किनारे कचरा डंपिंग और अनट्रीटेड सीवेज के सीधे बहाव पर नाराजगी जताई।
उन्होंने नालों को इंटरसेप्ट करने वाले प्रोजेक्ट तैयार करने के निर्देश दिए ताकि नहरों में स्वच्छ जल का प्रवाह बना रहे। दोनों नहरों के विभिन्न खंडों, वितरण नेटवर्क और साइफनों का निरीक्षण करते हुए उन्होंने सुनिश्चित किया कि आगामी सिंचाई सत्र में अंतिम छोर क्षेत्रों तक पानी पहुंचेगा। यह दौरा जलशक्ति मंत्री जावेद अहमद राणा की ओर से प्रस्तावित नहरों की रिचार्जिंग से पहले किया गया। जलशक्ति विभाग जम्मू के मुख्य अभियंता, हाइड्रोलिक सर्किल जम्मू के अधीक्षण अभियंता व अन्य अधिकारी भी इस माैके पर मौजूद रहे।
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वार्षिक डिसिल्टिंग नहर प्रणाली को मूल डिजाइन क्षमता में बहाल करने का अनिवार्य रखरखाव है जिसमें नहर तल और किनारों से जमा खाद, खरपतवार व बाधाओं को हटाया जाता है। जनवरी-मार्च के नहर बंदी काल में ये कार्य किए जाते हैं। पिछले तीन वर्षों से सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण विभाग ने तीन माह के बजाय दो माह में कार्य पूरा कर लिया है। इससे नहरें अब 13 अप्रैल के बजाय मार्च के दूसरे सप्ताह में रिचार्ज हो रही हैं। काबरा ने अधिकारियों को कार्यों पर निगरानी, गुणवत्ता मानकों व समय सीमा का कड़ाई से पालन करने के निर्देश दिए।
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