{"_id":"5c28b03cbdec225725363583","slug":"i-feel-proud-that-pm-modi-ji-mentioned-about-me-in-mann-ki-baat-and-praised-me-hanaya-nisar","type":"story","status":"publish","title_hn":"कौन है वो लड़की हनाया निसार, 'मन की बात' में पीएम मोदी ने जिसका बार-बार लिया नाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कौन है वो लड़की हनाया निसार, 'मन की बात' में पीएम मोदी ने जिसका बार-बार लिया नाम
Sun, 30 Dec 2018 05:17 PM IST
Pranjal Dixit
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, जम्मू
Published by: Pranjal Dixit
Updated Sun, 30 Dec 2018 05:17 PM IST
विज्ञापन
हनाया निसार
- फोटो : ANI
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को ‘मन की बात’ कार्यक्रम के दौरान बेटियों की कामयाबी पर चर्चा की। इस दौरान उन्होंने अनंतनाग जिले के कोकरनाग की रहने वाली हनाया निसार का (12) का भी जिक्र किया। हनाया दक्षिणी कोरिया में हुई इंटरनेशनल कराटे चैंपियनशिप में गोल्ड हासिल कर चुकी है।
अब वह प्रधानमंत्री मोदी के मुंह से अपना जिक्र सुन हनाया फूली नहीं समा रही। आठवीं कक्षा की छात्रा अब प्रधानमंत्री से मिलकर अपने सपनों को साझा करना चाहती है।
बारह साल की हनाया ने अपनी भावनाओं को शब्दों में जाहिर करते हुए कहा, ‘मैं काफी गौरवान्वित महसूस कर रही हूं। उन्होंने मेरा जिक्र किया, मेरी तारीफ की। अब मुझे लग रहा है कि मैं अधिक फोकस करने के साथ काफी कुछ हासिल करूंगी’। ‘मन की बात’ में प्रधानमंत्री के जिक्र के बाद हनाया चर्चा में आ गई।
विज्ञापन
उसे काफी लोगों ने शुभकामनाएं भी दीं। प्रधानमंत्री ने हनाया के माता-पिता को भी उसकी उपलब्धि के लिए श्रेय देते हुए बधाई दी थी। हनाया इससे पहले गोवा में हुए फेडरेशन गेम्स में भी गोल्ड कब्जा चुकी हैं।
हनाया ने तोड़ा मिथक
अनंतनाग को आतंक के साये की वजह से जाना जाता है। ऐसा कम ही हुआ है कि वहां से कोई खिलाड़ी अपने खेल की वजह से देश का नाम रोशन करे, लेकिन हनाया ने यह मिथक तोड़ा है। वह देश के लिए कुछ करना चाहती थी, इसलिए उसने कराटे को चुना। परिवार के सपोर्ट की वजह से वह यहां तक पहुंची है। हनाया ने साफ कहा कि कश्मीर में उसकी तरह ही बहुत सी प्रतिभाएं छिपी हैं। जरूरत सरकार के प्रोत्साहन की है। कश्मीर के बच्चे भी देश के लिए मेडल ला सकते हैं। उन्होंने सरकार से खेल एकेडमी की बेहतरी के लिए कदम उठाने की गुजारिश की।
विज्ञापन
अब वह प्रधानमंत्री मोदी के मुंह से अपना जिक्र सुन हनाया फूली नहीं समा रही। आठवीं कक्षा की छात्रा अब प्रधानमंत्री से मिलकर अपने सपनों को साझा करना चाहती है।
विज्ञापन
बारह साल की हनाया ने अपनी भावनाओं को शब्दों में जाहिर करते हुए कहा, ‘मैं काफी गौरवान्वित महसूस कर रही हूं। उन्होंने मेरा जिक्र किया, मेरी तारीफ की। अब मुझे लग रहा है कि मैं अधिक फोकस करने के साथ काफी कुछ हासिल करूंगी’। ‘मन की बात’ में प्रधानमंत्री के जिक्र के बाद हनाया चर्चा में आ गई।
विज्ञापन
उसे काफी लोगों ने शुभकामनाएं भी दीं। प्रधानमंत्री ने हनाया के माता-पिता को भी उसकी उपलब्धि के लिए श्रेय देते हुए बधाई दी थी। हनाया इससे पहले गोवा में हुए फेडरेशन गेम्स में भी गोल्ड कब्जा चुकी हैं।
हनाया ने तोड़ा मिथक
अनंतनाग को आतंक के साये की वजह से जाना जाता है। ऐसा कम ही हुआ है कि वहां से कोई खिलाड़ी अपने खेल की वजह से देश का नाम रोशन करे, लेकिन हनाया ने यह मिथक तोड़ा है। वह देश के लिए कुछ करना चाहती थी, इसलिए उसने कराटे को चुना। परिवार के सपोर्ट की वजह से वह यहां तक पहुंची है। हनाया ने साफ कहा कि कश्मीर में उसकी तरह ही बहुत सी प्रतिभाएं छिपी हैं। जरूरत सरकार के प्रोत्साहन की है। कश्मीर के बच्चे भी देश के लिए मेडल ला सकते हैं। उन्होंने सरकार से खेल एकेडमी की बेहतरी के लिए कदम उठाने की गुजारिश की।