फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   health news

Jammu News: अब पहले ही पकड़ में आ जाएगा कैंसर, जीएमसी जम्मू में एनजीएस टेस्ट की तैयारी

विज्ञापन
health news
- कैंसर पीड़ित के परिवार के सदस्य की जांच में बीमारी के जोखिम का पूर्व में पता चल जाएगा
विज्ञापन


अमर उजाला ब्यूरो
जम्मू। कैंसर मरीजों और उनके परिवारवालों के लिए राहत की खबर है। जीएमसी जम्मू के माइक्रो बायोलाॅजी विभाग में फरवरी के अंत तक एनजीएस (नेकस्ट जेनेरेशन सिक्वेसिंग) टेस्ट शुरू करने की तैयारी की जा रही है। अब ऐसे परिवारों के सदस्यों में मरीज द्वारा मिलने वाली कैंसर बीमारी के जोखिम का पहले ही पता चल जाएगा। इससे पीड़ित को बीमारी पर नियंत्रण करने के लिए उचित समय पर चिकित्सा देखभाल मिल सकेगी।
पहले चरण में टेस्टिंग मोड पर 100 परीक्षण किए जाएंगे, जिनके परिणामों की गुणवत्ता के बाद इसे नियमित तौर पर शुरू किया जाएगा। जीएमसी जम्मू सरकारी स्तर पर एनजीएस टेस्ट करने वाला प्रदेश में पहला संस्थान होगा। एनजीएस टेस्ट में विभिन्न तरह के कैंसर के मुताबिक रक्त आदि के सैंपल लिए जाते हैं। इसमें अगर मरीज का टेस्ट पाॅजिटिव आ जाता है तो बीमारी उसके परिवार के अन्य सदस्यों तक न पहुंचे इसके लिए उनका भी टेस्ट करके कैंसर का पता लगाया जाता है। अगर दुर्भाग्यवश परिवार का कोई सदस्य पाॅजिटिव आ जाता है तो उसे पूर्व में कैंसर बीमारी का पता लगने पर वह समय पर इलाज ले सकता है। जिससे कैंसर को रोकने में मदद मिलेगी। जम्मू-कश्मीर में कैंसर के मामलों में तेजी से बढ़ोतरी हो रही है। जागरूकता की कमी और समय पर उचित इलाज न ले पाने से अधिकांश कैंसर का आखिरी स्टेज में पता चलता है। जिससे पीड़ित को अधिक कष्ट होता है। जम्मू-कश्मीर में ही पिछले पांच वर्षों में 55 हजार से अधिक कैंसर के मामले मिल चुके हैं।
विज्ञापन

-----
कैंसर से 50 प्रतिशत मौतों के लिए मुंह,
फेफड़े, सर्वाइकल व स्तन कैंसर जिम्मेदार
स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों में वर्ष 2019 में 12396, 2020 में 12726, 2021 में 13060 और 2022 में 13395 कैंसर के मामले रिपोर्ट हुए। इसी तरह वर्ष 2023 में भी सैकड़ों मामले मिले। प्रदेश में कैंसर से होने वाली 50 प्रतिशत मौतों के लिए पुरुषों में मुंह और फेफड़े तथा महिलाओं में सर्वाइकल (बच्चादानी) और स्तन कैंसर जिम्मेदार है। राज्य कैंसर संस्थान जम्मू में पिछले एक साल में 6 हजार से अधिक कैंसर के मामले पंजीकृत हुए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


कैंसर का पहले ही पता चल जाने से समय पर उचित इलाज लेकर पीड़ित को राहत दी जा सकती है। ऐसे मामलों में पीड़ित आत्मविश्वास से बेहतर इलाज से बीमारी पर नियंत्रण पा लेता है। अगर एनजीएस टेस्ट जम्मू में शुरू होगा तो इससे कैंसर मरीजों के साथ उनके परिवारवालों को चिकित्सा लाभ मिलेगा।

- प्रो. राजीव गुप्ता, एचओडी, मेडिकल आन्कोलाॅजी विभाग

राजकीय मेडिकल कॉलेज जम्मू में एनजीएस (नेकस्ट जेनेरेशन सिक्वेसिंग) टेस्ट शुरू करने की योजना है। इसके बेहतर नतीजों के बाद इसे आगे जारी रखा जाएगा। विभाग में कोविड के दौरान भी एक अत्याधुनिक मशीन पर सिक्वेसिंग टेस्ट किए गए थे।
डाॅ. संदीप डोगरा, एचओडी, माइक्रो बायोलाॅजी विभाग जीएमसी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed