Goldern Girl of Jammu: तीरंदाज शीतल देवी को निशुल्क आवास सुविधा, 25 हजार रुपये मासिक स्कॉलरशिप भी
शीतल देवी को श्राइन बोर्ड ने कटड़ा के मुख्य बस स्टैंड के पास आशीर्वाद भवन में निशुल्क आवास सुविधा प्रदान की। अब उन्हें 10 हजार की जगह 25 हजार रुपये मासिक स्कॉलरशिप दी जाएगी।
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पैरा एशियन गेम्स की चैंपियन एवं गोल्डन गर्ल शीतल देवी और राकेश कुमार (तीरंदाज) को रविवार को श्राइन बोर्ड ने विशेष तौर पर सम्मानित किया। सीईओ अंशुल गर्ग ने श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड स्पोर्ट्स कांप्लेक्स तीरंदाजी अकादमी के इन दोनों स्टार प्लेयर्स को मां वैष्णो देवी के चुनरी व प्रसाद के साथ स्पोर्ट्स किट भेंट की।
शीतल देवी को श्राइन बोर्ड ने कटड़ा के मुख्य बस स्टैंड के पास आशीर्वाद भवन में निशुल्क आवास सुविधा प्रदान की। अब उन्हें 10 हजार की जगह 25 हजार रुपये मासिक स्कॉलरशिप दी जाएगी। इससे पहले शीतल देवी अपनी मां और बहन शिवानी के साथ एक किराए के कमरे में कटड़ा में ही रह रही थीं।
वहीं, राकेश कुमार को श्राइन बोर्ड की तरफ से पहले ही 25000 रुपये मासिक स्कॉलरशिप दी जा रही है। सीईओ ने कहा कि शीतल व राकेश के करिश्माई प्रदर्शन को लेकर तैयारी कर रहे अन्य खिलाड़ी भी उत्साहित होंगे और देश का नाम रोशन करेंगे।
उम्मीद है कि तीरंदाजी के साथ ही अन्य खेलों में खिलाड़ी देश के लिए मेडल लाएंगे। इस मौके पर एडिशनल सीईओ श्राइन बोर्ड नवनीत सिंह, शीतल के पिता मानसिंह, माता शक्ति देवी, नोडल अधिकारी अभिषेक शर्मा सहित श्राइन बोर्ड के अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
पैरा ओलंपिक में पदक है अगला निशाना
एशियाई पैरा खेलों में स्वर्ण पदक जीतने के बाद किश्तवाड़ की बेटी शीतल का अगला निशाना पैरा ओलंपिक है। इसके लिए वह अभी से ही तैयारी में जुट गई हैं। शीतल देवी ने कहा कि वह फिलहाल पेरिस में होने वाले आगामी पैरा ओलंपिक की तैयारी कर रही हैं, ताकि भारत के लिए पदक ला सकें। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलकर उन्हें अच्छा लगा और कहा कि पीएम ने उन्हें आशीर्वाद दिया और उनका हौसला बढ़ाया।
शीतल ने कहा कि उन्होंने पिछले साल ही तीरंदाजी शुरू की और तीन अंतरराष्ट्रीय खेल स्पर्धाओं में देश को सात पदक दिलाने के बाद उन्हें बहुत अच्छा लग रहा है। कहा कि मैंने पिछले साल तीरंदाजी शुरू की और श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड में तीरंदाजी सीखी। उन्होंने कहा कि अब तक मैंने तीन अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट खेले हैं। सबसे पहले मैंने विश्व रैंकिंग खेली, जहां मैंने स्वर्ण, रजत और कांस्य जीता। फिर मैंने विश्व चैंपियनशिप में भाग लिया, जहां रजत पदक जीता। अब एशियाई पैरा खेलों में भाग लेकर दो स्वर्ण और एक रजत पदक जीता है। अपने देश को सात पदक दिलाने के बाद मैं बहुत अच्छा महसूस कर रही हूं। मैं अपने देश के लिए पदक लाते रहने की पूरी कोशिश करूंगी।