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राष्ट्रीय अखंडता का मूल आधार सांप्रदायिक सौहार्द : रैना
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अखनूर में आयोजित कार्यक्रम में मौजूद अतिथि।
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अखनूर। राष्ट्रीय अखंडता एवं सांप्रदायिक सौहार्द को बढ़ावा देने हेतु राजकीय हायर सेकेंडरी स्कूल चौकी चोहरा में बुधवार को सेमिनार का आयोजन किया गया। इसका आयोजन समाजसेवी लेखराज रैना ने किया।
मुख्य अतिथि विद्यालय की प्रधानाचार्य बीना केरनी एवं गणमान्य व्यक्तियों ने राष्ट्रीय अखंडता का मूल आधार सांप्रदायिक सौहार्द बताते हुए कहा कि राष्ट्र सर्वोपरि है। राष्ट्र के उत्थान के लिए कार्य करना ही हम सबका धर्म है।
सेमिनार के आयोजक लेखराज रैना ने कविता की प्रस्तुति से आये मेहमानों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि हमारे देश की महानता का मूल युगों पुरातन संस्कृति से जुड़ा है, जिसका मूल आधार एकता प्रेम एवं समता पर आधारित है। हमें अपनी संस्कृति पर गर्व है, जिसने देशभक्तों को जन्म दिया, जिन्होंने हंसते-हंसते संस्कृति की रक्षा हेतु प्राणों का बलिदान कर दिया। आज के समय में भी ऐसी महान विभूतियों हैं जो दिन एवं रात देशहित में कार्यरत हैं। हम सबका दायित्व है कि ऐसी विभूतियों का मार्गदर्शन प्राप्त कर देशहित में अपने कदमों को बढ़ाएं।
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विद्यालय के चार विद्यार्थियों ने सांप्रदायिक सौहार्द को बढ़ावा देने हेतु अपनी विचारधारा भाषणों, कविताओं एवं स्कीट से प्रस्तुति दी। उन्हें सम्मानित किया गया। सेमिनार का शुभारंभ राष्ट,पिता महात्मा गांधी की तस्वीर के सामने दीप जलाकर एवं पुष्प अर्पित कर किया गया।
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मुख्य अतिथि विद्यालय की प्रधानाचार्य बीना केरनी एवं गणमान्य व्यक्तियों ने राष्ट्रीय अखंडता का मूल आधार सांप्रदायिक सौहार्द बताते हुए कहा कि राष्ट्र सर्वोपरि है। राष्ट्र के उत्थान के लिए कार्य करना ही हम सबका धर्म है।
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सेमिनार के आयोजक लेखराज रैना ने कविता की प्रस्तुति से आये मेहमानों का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि हमारे देश की महानता का मूल युगों पुरातन संस्कृति से जुड़ा है, जिसका मूल आधार एकता प्रेम एवं समता पर आधारित है। हमें अपनी संस्कृति पर गर्व है, जिसने देशभक्तों को जन्म दिया, जिन्होंने हंसते-हंसते संस्कृति की रक्षा हेतु प्राणों का बलिदान कर दिया। आज के समय में भी ऐसी महान विभूतियों हैं जो दिन एवं रात देशहित में कार्यरत हैं। हम सबका दायित्व है कि ऐसी विभूतियों का मार्गदर्शन प्राप्त कर देशहित में अपने कदमों को बढ़ाएं।
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विद्यालय के चार विद्यार्थियों ने सांप्रदायिक सौहार्द को बढ़ावा देने हेतु अपनी विचारधारा भाषणों, कविताओं एवं स्कीट से प्रस्तुति दी। उन्हें सम्मानित किया गया। सेमिनार का शुभारंभ राष्ट,पिता महात्मा गांधी की तस्वीर के सामने दीप जलाकर एवं पुष्प अर्पित कर किया गया।