जम्मू-कश्मीर में पुलिस चौकी पर फायरिंग, 2 SPO घायल
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जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले के सब डिवीजन गंदोह के दूरदराज पहाड़ी गांव में स्थित टांटा पुलिस चौकी पर रविवार की देर रात करीब दो बजे कुछ संदिग्धों ने अचानक गोलीबारी शुरू की, जिसमें वहां ड्यूटी पर मौजूद दो एसपीओ घायल हो गए।
घटना के बाद स्थानीय लोगों की मदद से घायल एसपीओ किकर सिंह और एसपीओ मोहम्मद यूनिस को उप जिला अस्पताल ठाठरी पहुंचाया गया। यहां प्राथमिक उपचार देने के बाद दोनों घायलों को डोडा के जिला अस्पताल में रेफर किया गया। यहां भी गंभीर हालत बने रहने पर दोनों को जीएमसी जम्मू रेफर कर दिया गया।
देर शाम तक मोहम्मद यूनिस की हालत गंभीर बनी हुई थी। पुलिस चौकी पर संदिग्धों द्वारा गोलीबारी किए जाने का पता चलने के बाद से लोगों में दहशत का माहौल है। कुछ लोगों को पुरानी आतंकी घटनाएं याद आ गईं, जिससे वह सिहर उठे।
करीब 13 राउंड गोलियां चलीं
इस संदर्भ में एएसपी डोडा विनय कुमार ने बताया कि वर्ष 2011 में डोडा को आतंकवाद मुक्त जिला घोषित किया गया था, फिर भी इस घटना की जांच हर पहलू को ध्यान में रखते हुए की जा रही है। पुलिस और सेना ने संयुक्त रूप से पूरे क्षेत्र में तलाशी अभियान चलाया है। विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार 13 राउंड के करीब गोलियां चलाई गई हैं।
इसे आतंकी घटना कहना भी जल्दबाजी होगा, क्योंकि घायल दोनों एसपीओ की बंदूकें भी मौके पर पड़ी हुई थीं। उनमें से एक भी गोली नहीं चली है। बताया जाता है कि जहां पुलिसकर्मियों पर हमला हुआ, वहां पर छह और पुलिस कर्मी तैनात किए गए हैं, लेकिन घटना के दौरान दो ही एसपीओ मौजूद थे। वहीं गोलियां एके47 की हैं। यह पुलिसकर्मियों के पास होती हैं। आतंकी भी इसका इस्तेमाल करते हैं।
एसडीपीओ गंदोह सनी गुप्ता के अनुसार रात को घायल हुए दोनों एसपीओ ही पोस्ट पर मौजूद थे। कुछ छुट्टी पर थे, जबकि कुछ बिना छुट्टी के ही गायब थे। इस पोस्ट पर तैनात बाकी पुलिसकर्मियों की बंदूकें जब्त कर उनकी जांच शुरू कर दी है, ताकि कहीं गोलियां इन्हीं में से किसी की तो नहीं हैं। घटना किसी आपसी रंजिश में भी हो सकती है। आईजी शिवदेव सिंह जम्वाल, एसएसपी शब्बीर खटाना ने मौके पर पहुंच कर स्थिति का जायजा लिया।