एसएसए की हिस्सेदारी को केंद्र सरकार ने बढ़ाया
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सर्व शिक्षा अभियान के तहत जम्मू-कश्मीर में चल रहे सरकारी स्कूलों के विकास को लेकर केंद्र सरकार ने हिस्सेदारी में बढ़ोतरी की है। केंद्र की तरफ से जम्मू-कश्मीर को विशेष तौर पर यह सुविधा प्रदान की गई है।
पहले केंद्र सरकार 65 प्रतिशत हिस्सेदारी दे रही थी और अब इसको 90 प्रतिशत कर दिया गया है। राज्य में सर्व शिक्षा अभियान के तहत 17940 सरकारी स्कूल हैं, इनमें 10793 प्राइमरी स्कूल, 7048 मिडिल और 99 कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय हैं।
इनमें कुल विद्यार्थियों की संख्या 1004748 है। प्राइमरी स्कूलों में 677287, मिडिल में 323308 और केजीबीवी में 4153 विद्यार्थी शिक्षा हासिल कर रहे हैं।
अब योजना में 90 प्रतिशत तक केंद्र की हिस्सेदारी
विद्यार्थियों को ज्यादा से ज्यादा सुविधाएं प्रदान करने के लिए केंद्र सरकार ने हिस्सेदारी में बढ़ोतरी करके 90 प्रतिशत कर दिया है। जो स्कूल अपनी इमारतों में चल रहे हैं, उनमें पीने के पानी और शौचालय की व्यवस्था है, लेकिन जो स्कूल किराए की इमारतों में चल रहे हैं, उनमें शौचालय और पीने के पानी की सुविधा का अभाव है।
राज्य में एक हजार से ज्यादा स्कूल किराए की इमारतों में चल रहे हैं। मिड-डे-मील की सुविधा हर एक स्कूल में दी जा रही है। फंड न मिलने पर मिड-डे-मील पर थोड़ा असर पड़ता है।
सर्व शिक्षा अभियान के डायरेक्टर सौगत विश्वास ने बताया कि 1100 स्कूलों के निर्माण के लिए प्रस्ताव बनाकर केंद्र सरकार को भेजा जा रहा है। इसके अलावा अन्य समस्याओं के समाधान को लेकर भी प्रयास चल रहे हैं।