पाकिस्तान की एक और साजिश, कठुआ में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास मिली सुरंग

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जम्मू Updated Wed, 13 Jan 2021 12:18 PM IST
विज्ञापन
अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास मिली सुरंग
अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास मिली सुरंग - फोटो : अमर उजाला

पढ़ें अमर उजाला ई-पेपर
कहीं भी, कभी भी।

*Yearly subscription for just ₹299 Limited Period Offer. HURRY UP!

ख़बर सुनें
सीमा सुरक्षा बल ने कठुआ के हीरानगर सेक्टर में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास एक सुरंग का पता लगाया है। अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सुरंग मिलने से पाकिस्तान की आतंकियों को भारतीय सीमा में भेजने की एक और करतूत सामने आई है।
विज्ञापन


अधिकारियों ने कहा कि सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) ने बुधवार को जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास एक सुरंग का पता लगाया है। एक अभियान के दौरान सुबह बोबिया गांव में बीएसएफ के जवानों द्वारा आतंकवादियों की घुसपैठ की सुविधा के लिए सीमा पार से बनाई गई सुरंग का पता चला। बीएसएफ के वरिष्ठ और पुलिस अधिकारी घटनास्थल पर पहुंच गए हैं।


सूत्रों का कहना है कि इस सुरंग की लंबाई करीब 150 मीटर है। साथ ही सुरंग से सीमेंट की बोरियां बरामद हुई हैं। जोकि पाकिस्तान के कराची की बनी हुई हैं। बताया जा रहा है कि पाकिस्तान की पोस्ट के ठीक सामने से इस सुरंग को खोदा गया है। 

इससे पहले अगस्त 2020 में सांबा के सीमावर्ती गांव बैन ग्लाड की सीमा पर एक सुरंग मिली थी। सीमा से पचास मीटर दूर मिली इस सुरंग में पाकिस्तान निर्मित बोरियां बरामद हुई थीं। जिनमें बालू (रेत) भरी हुई थी। बता दें कि इससे पहले भी सीमा से सटे कई इलाकों में सुरंग मिल चुकी हैं।

बीएसएफ को सांबा क्षेत्र में सुरंग के बारे में इनपुट मिल रहे थे। इसके मद्देनजर विशेष टीमों को इसका पता लगाने के लिए निर्देश दिए गए थे। एक विशेष टीम को सुरंग मिली। यह सुरंग शून्य रेखा से लगभग 150 गज लंबी थी। सुरंग के मुहाने को सैंडबैग द्वारा बंद किया गया था।

एलओसी पर सख्ती के बाद पाकिस्तान ने आतंकियों को धकेलने के लिए अंतरराष्ट्रीय सीमा का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया है। पुलवामा हमले में शामिल आतंकी भी अंतरराष्ट्रीय सीमा से ही घुसपैठ कर दाखिल हुए थे। इसकी पुष्टि एनआईए की ओर से दाखिल चार्जशीट में हो चुकी है।

बीएसएफ ने चलाया था ऑपरेशन सुदर्शन
नगरोटा हमले के बाद जिसमें आतंकियों के अंतरराष्ट्रीय सीमा से घुसपैठ की खबरें आई थी, बीएसएफ की ओर से बार्डर इलाकों में ऑपरेशन सुदर्शन चलाया गया था। इसके तहत बार्डर से सटे इलाकों में रहने वाले लोगों तथा ढोक (झोपड़ी) में रहने वालों की सूची बनाई गई थी। यह फुलप्रूफ इंतजाम करने की कोशिश की गई थी कि यदि घुसपैठ की कोशिश हो तो उसका आसानी से पता लगाया जा सके। 

आपकी राय हमारे लिए महत्वपूर्ण है। खबरों को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।

खबर में दी गई जानकारी और सूचना से आप संतुष्ट हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

Spotlight

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Election
  • Downloads

Follow Us

X

प्रिय पाठक

कृपया अमर उजाला प्लस के अनुभव को बेहतर बनाने में हमारी मदद करें।
डेली पॉडकास्ट सुनने के लिए सब्सक्राइब करें

क्लिप सुनें

00:00
00:00
X