कश्मीर में सुरक्षा बलों के लिए आएंगे पांच हजार नए पैलेट गन
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कश्मीर में मुठभेड़ के क्रम में आतंकियों की मदद के लिए हो रही पत्थरबाजी को सेना और सुरक्षा बलों ने गंभीरता से लिया है। घाटी में हर दिन आतंकियों की तलाश में हो रहे सर्च आपरेशन में उपद्रवियों द्वारा बाधा पहुंचाए जाने से निपटने के लिए सुरक्षा बलों ने पुख्ता तैयारी शुरू कर दी है।
गर्मी के मौसम में भारी उपद्रव की आशंका के मद्देनजर सुरक्षा बलों को हाईटेक उपकरणों से लैस करने की योजना है। पत्थरबाजों से निपटने के लिए पेलेट गन का इस्तेमाल जारी रखने का निर्णय लिया गया है।
केंद्रीय गृह मंत्रालय ने कश्मीर में तैनात सुरक्षा बलों के लिए पांच हजार नए पेलेट गन मंजूर किए हैं। वर्तमान में सुरक्षा बलों के पास सिर्फ 600 पेलेट गन हैं। सुरक्षा एजेंसियों के सूत्रों के मुताबिक नए पेलेट गन और इसमें इस्तेमाल के लिए 6 लाख पेलेट शाट्स इस माह के अंत तक कश्मीर पहुंच जाएंगे।
हिंसा के दौरान पत्थरबाजी में 6 हजार जवान घायल
पिछले साल सुरक्षा बलों को पेलेट गन के लिए एक लाख 30 हजार गोलियां मुहैया कराई गईं थीं। पेलेट गन से नुकसान कम करने के लिए इसकी मारक क्षमता में बदलाव भी प्रस्तावित है लेकिन फिलहाल पुरानी मारक क्षमता वाले पेलेट गन ही मुहैया कराए जाएंगे।
कश्मीर में पत्थरबाजी के कारण प्रतिदिन औसतन 10 जवान जख्मी हो रहे हैं। आतंकी बुरहान वानी की मौत के बाद भड़की हिंसा के दौरान पत्थरबाजी में 6 हजार जवान घायल हुए। इनमें से लगभग 700 स्थायी रूप से विकलांग हुए हैं।
केंद्र ने लिया उपद्रवियों से सख्ती से निपटने का फैसला
आतंकी हमले, मुठभेड़ और उपद्रव में जवानों के शहीद होने की घटनाएं भी बढ़ रही हैं। लिहाजा केंद्र सरकार ने उपद्रवियों से सख्ती से निपटने का फैसला लिया है। उपद्रवियों से निपटने के लिए बख्तरबंद वाहनों की भी संख्या बढ़ाने का प्रस्ताव है। सीआरपीएफ ने इसके लिए केंद्रीय गृह मंत्रालय के पास प्रस्ताव भेजा है।
पिछले साल की कश्मीर हिंसा के दौरान सार्वजनिक प्रतिष्ठानों और स्कूलों को जलाए जाने की घटनाएं बढ़ीं थीं। उपद्रवियों द्वारा इस बार पेट्रोल बम के इस्तमाल के इनपुट हैं, लिहाजा सुरक्षा बलों की कार्रवाई में अगिन शमन वाहनों और उपकरणों को भी शामिल किया जाएगा।
हाईटेक बुलेट प्रूफ हेलमेट से लैस होंगे जवान
गृह मंत्रालय ने 38862 हल्के वजन के बुलेट प्रूफ जैकेट और 27812 हाईटेक बुलेट प्रूफ हेलमेट की खरीद को मंजूरी दी है। कश्मीर में जवानों को हाईटेक बुलेट प्रूफ हेलमेट उपलब्ध कराया जा रहा है जिसमें दूरबीन भी लगी होगी।
सूत्रों के मुताबिक इन बुलेट प्रूफ हेलमेट में नाइट विजन चश्मे भी लगे होंगे। साथ ही हैंड फ्री कम्यूनिकेशन सिस्टम होगा ताकि उपद्रव के दौरान सूचनाओं के आदान-प्रदान में आसानी हो। अमरीका और इजराइल में सुरक्षा बल ऐसे हेलमेट का इस्तेमाल करते रहे हैं।