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एंबुलेंस चालक के खिलाफ मामला दर्ज करने को सीएमओ को पत्र लिखा
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किश्तवाड़। तहसीलदार प्रमोद कुमार ने शनिवार को जिला अस्पताल का दौरा कर वहां की स्थिति का जायजा लिया। इसकी पूरी रिपोर्ट तैयार करके उपायुक्त को सौंप दी गई। दौरे में उन्होंने पाया कि दोपहर के साढ़े 12 बजे तक हाजिरी रजिस्टर पूरी तरह से भरा नहीं गया था। इस बीच उन्होंने सीएमओ व थाना प्रभारी को भी पत्र भेजे हैं कि उनके दौरे के दौरान एक एंबुलेंस के वाहन चालक कुलवंत सिंह ने उनके साथ कैसा सुलूक किया, और उनके वाहन के टायरों की हवा निकालने का भी प्रयास किया है। उन्होंने थाना प्रभारी को उस चालक के खिलाफ मामला दर्ज करने के लिए सीएमओ को लिखा कि शीघ्र इस मामले की जांच कर रिपोर्ट करने एक सप्ताह में दी जाए।
तहसीलदार ने दौरे के दौरान पाया कि सही प्रकार से चिकित्सकों की भी ड्यूटी नहीं लगाई गई थी। आदेश में एक चिकित्सक था और ड्यूटी पर मौजूद अन्य चिकित्सक एक ही आदेश नंबर पर दो तरह के आदेश जारी किए गए थे, इसके अलावा रजिस्ट्रर भी मेनटेन नहीं किया गया था। पिछले कई दिन से हाजिरी नहीं लगाई गई थी। इसके अलावा कुछ गैरहाजिर भी होंगे, इसकी पूरी रिपोर्ट उपायुक्त को सौंप दी है। रिपोर्ट में नामों सहित एक सूची भी डीसी को भेजी गई है। तहसीलदार ने अस्पताल परिसर व शौचालयों की हालत के बारे में भी लिखा है कि वहां कितनी गंदगी है, वार्ड व ओपीडी की हालत कितनी खराब है के बारे में विस्तार से लिखा है। जहां लोग बीमारी इलाज के लिए जाते हैं वहां की गंदगी से लोग और भी बीमार होकर जाते हैं। इस पूरी रिपोर्ट पर जिला विकास आयुक्त क्या करते हैैं सबको इंतजार है।
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तहसीलदार ने दौरे के दौरान पाया कि सही प्रकार से चिकित्सकों की भी ड्यूटी नहीं लगाई गई थी। आदेश में एक चिकित्सक था और ड्यूटी पर मौजूद अन्य चिकित्सक एक ही आदेश नंबर पर दो तरह के आदेश जारी किए गए थे, इसके अलावा रजिस्ट्रर भी मेनटेन नहीं किया गया था। पिछले कई दिन से हाजिरी नहीं लगाई गई थी। इसके अलावा कुछ गैरहाजिर भी होंगे, इसकी पूरी रिपोर्ट उपायुक्त को सौंप दी है। रिपोर्ट में नामों सहित एक सूची भी डीसी को भेजी गई है। तहसीलदार ने अस्पताल परिसर व शौचालयों की हालत के बारे में भी लिखा है कि वहां कितनी गंदगी है, वार्ड व ओपीडी की हालत कितनी खराब है के बारे में विस्तार से लिखा है। जहां लोग बीमारी इलाज के लिए जाते हैं वहां की गंदगी से लोग और भी बीमार होकर जाते हैं। इस पूरी रिपोर्ट पर जिला विकास आयुक्त क्या करते हैैं सबको इंतजार है।
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