फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Jammu and Kashmir ›   Jammu News ›   100 crore every month, consideration of online liquor sales

हर महीने 100 करोड़ की चपत, आनलाइन शराब की बिक्री पर विचार

Amarujala Local Bureau अमर उजाला लोकल ब्यूरो
Updated Mon, 27 Apr 2020 02:40 PM IST
विज्ञापन
100 crore every month, consideration of online liquor sales
जम्मू। लॉकडाउन में आबकारी विभाग के राजस्व में भी लगड़ी सेंध लगाई है। एक महीने में ही विभाग को 100 करोड़ का घाटा हो चुका है। ऐसे में विभाग इस घाटे को पूरा करने का प्रयास कर रहा है। क्योंकि शराब की दुकानों और बार को खोल नहीं सकते। ऐसे में शराब की आनलाइन बिक्री पर विचार चल रहा है। हालांकि विभाग का कहना है कि ऐसा कोई फैसला नहीं हुआ है। इसमें जो संभव होगा, वो किया जाएगा। जानकारी अनुसार जम्मू संभाग में ही सबसे अधिक शराब की दुकानें और बार हैं। हर महीने 100 से 120 करोड़ रुपये का राजस्व आबकारी विभाग को जाता है। लेकिन पिछले एक महीने से सब बंद है। ऐसे में विभाग को कोई पैसा नहीं आया। सूत्रों का कहना है कि आबकारी विभाग ने सरकर से बात की है कि शराब की आनलाइन बिक्री शुरू की जा सकती है। तमाम सावधानियां बरत कर यदि इसे शुरू किया जाए तो राजस्व जुटाया जा सकता है। इसे लेकर आबकारी विभाग के आयुक्त शवन कुमार से बात की गई। उन्होंने कहा कि अभी इस पर कोई फैसला नहीं हुआ है। जब कोई फैसला होगा। तब ही इसके ऊपर कुछ बता सकते हैं। पुलिस पकड़ रही, विभाग को जानकारी तक नहीं अंग्रेजी शराब की दुकानें बंद हैं। ऐसे में देसी शराब निकालने वाले बढ़े स्तर पर सक्रिय हो गए हैं। जिन पर आबकारी विभाग की कोई नजर नहीं। यहां तक कि विभाग की ओर से कहीं पर देसी शराब निकालने वालों को नहीं पकड़ा गया। यहां तक कि विभाग के आयुक्त शवन कुमार का कहना है कि कहीं पर देसी शराब नहीं निकल रही। जबकि पुलिस की ओर से लॉकडाउन के दौरान ही पांच से छह जगहों पर देसी शराब के साथ लोगों को पकड़ा गया है। पंजाब से शराब का आना बंद नहीं बड़े स्तर पर पंजाब से शराब भी आ रही है। जिसको जम्मू में चार से पांच गुणा अधिक दाम पर बेचा जा रहा है। इस पर भी आबकारी विभाग की कोई नजर नहीं। यहां तक विभाग के आयुक्त ने साफ मना कर दिया कि पंजाब से शराब नहीं आ रही। बता दें कि जम्मू वाइन ट्रेडर एसोसिएशन भी मांग कर चुकी है कि पंजाब से आने वाली शराब और जम्मू में बन रही देसी शराब पर शिकंजा नहीं कसा जा रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed