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Udhampur News: लोअर मता में एक ही कमरे में चल रहा प्राइमरी स्कूल
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प्राइमरी स्कूल लोअर मता।
- शौचालय की हालत खराब, खुले में शौच करने को मजबूर बच्चे
संवाद न्यूज एजेंसी
पौनी। लोअर मता इलाके के राजकीय प्राइमरी स्कूल के विद्यार्थी टीन की छत तले एक ही कमरे में पढ़ाई कर रहे हैं। यहीं नहीं, स्कूल में बने शौचालय की हालत भी खस्ता है। बच्चे खुले में शौच करने को मजबूर हैं। स्कूल में अभी तक पानी का कनेक्शन नहीं लग पाया है और न ही नल की व्यवस्था है।
इस स्कूल में एक कमरे के भीतर ही 27 बच्चे पढ़ते हैं। कमरा एक होने के कारण अक्सर शिक्षक कभी-कभार कक्षाएं बाहर बरामदे में लगाते हैं। बच्चों को पढ़ाते समय कोई खलल नहीं हो, इसलिए कक्षाएं कमरे में और बाहर लगाई जाती हैं। स्कूल में दो ही शिक्षक हैं। स्कूल के भीतर सिर्फ नाम का ही शौचालय है लेकिन विद्यार्थी इसका इस्तेमाल नहीं करते। इसकी हालत काफी खराब है। स्कूल के बच्चे आज भी खुले में शौच करने को मजबूर हैं।
दोपहर का खाना बनाने के लिए स्कूल को गैस सिलेंडर भी नहीं मिलता है। स्कूल की चहारदीवारी भी नहीं है जिस वजह से आए दिन कोई न कोई मवेशी चरते हुए स्कूल के भीतर तक आ जाता है।
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कोट..
कमरे की स्थिति ठीक करने व अतिरिक्त कमरे बनाने के लिए अधिकारियों को लिखा जाएगा। शौचालय को भी ठीक करवाया जाएगा। पानी का कनेक्शन क्यों नहीं लग पाया, इसकी जांच की जाएगी। विद्यार्थियों को आ रही परेशानी को दूर किया जाएगा।
-संजय गुप्ता, जोनल शिक्षा अधिकारी
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संवाद न्यूज एजेंसी
पौनी। लोअर मता इलाके के राजकीय प्राइमरी स्कूल के विद्यार्थी टीन की छत तले एक ही कमरे में पढ़ाई कर रहे हैं। यहीं नहीं, स्कूल में बने शौचालय की हालत भी खस्ता है। बच्चे खुले में शौच करने को मजबूर हैं। स्कूल में अभी तक पानी का कनेक्शन नहीं लग पाया है और न ही नल की व्यवस्था है।
इस स्कूल में एक कमरे के भीतर ही 27 बच्चे पढ़ते हैं। कमरा एक होने के कारण अक्सर शिक्षक कभी-कभार कक्षाएं बाहर बरामदे में लगाते हैं। बच्चों को पढ़ाते समय कोई खलल नहीं हो, इसलिए कक्षाएं कमरे में और बाहर लगाई जाती हैं। स्कूल में दो ही शिक्षक हैं। स्कूल के भीतर सिर्फ नाम का ही शौचालय है लेकिन विद्यार्थी इसका इस्तेमाल नहीं करते। इसकी हालत काफी खराब है। स्कूल के बच्चे आज भी खुले में शौच करने को मजबूर हैं।
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दोपहर का खाना बनाने के लिए स्कूल को गैस सिलेंडर भी नहीं मिलता है। स्कूल की चहारदीवारी भी नहीं है जिस वजह से आए दिन कोई न कोई मवेशी चरते हुए स्कूल के भीतर तक आ जाता है।
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कोट..
कमरे की स्थिति ठीक करने व अतिरिक्त कमरे बनाने के लिए अधिकारियों को लिखा जाएगा। शौचालय को भी ठीक करवाया जाएगा। पानी का कनेक्शन क्यों नहीं लग पाया, इसकी जांच की जाएगी। विद्यार्थियों को आ रही परेशानी को दूर किया जाएगा।
-संजय गुप्ता, जोनल शिक्षा अधिकारी