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कैंथगली से मालती रोड़ की खस्ता हालत से बढ़ा हादसों का जोखिम
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panchari photo
- फोटो : UDHAMPUR
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उधमपुर/पंचैरी। कैंथगली से मालती सड़क की जर्जर हालत से ग्रामीण काफी परेशान हैं। उनका कहना है कि पीएमजीएसवाई के तहत बनाई गई इस सड़क पर तारकोल का नामोनिशान नहीं है। चार वर्ष बीत जाने के बाद भी इस पर कंक्रीट भी नही डाली गई।
उन्होंने कहा कि नदी-नालों पर भी पुल न होने से लोग जान जोखिम में डालकर इनके बीच से गुजरने को मजबूर हैं। कई बार मांग उठाने के बावजूद सड़क की हालत में सुधार लाने के लिए कोई कदम नहीं उठाया गया। अब बरसात शुरू होने से सड़क पर बने गड्ढों व फिसलन से समस्या काफी बढ़ गई है।
सड़क पर तारकोल डालने की मांग उठाते हुए लटियार पंचायत के सरपंच कुलदीप कुमार, कुलटैड पंचायत के सरपंच पवन कुमार, ग्रामीण कैप्टन स्वर्ण सिंह भीमा, शमशेर सिंह, आदि ने बताया कि बरसात के दिनों में सड़क पर कीचड़ व फिसलन बढ़ जाने से हादसों का खतरा चौगुना हो जाता है। इसके अतिरिक्त मार्ग में आने वाले नालों पर पुल नहीं बन पाए हैं। इससे वाहनों को दिक्कत होती है।
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उन्होंने कहा कि बरसात में नदी नालों का जलस्तर बढ़ने पर लोगों की पैदल आवाजाही पर भी रोक लग जाती है। हादसों का जोखिम भी लगातार बना हुआ है। इसलिए, प्रशासन से मांग है कि जल्द सड़क पर तारकोल डाला जाए। अन्यथा, आने वाले दिनों में ग्रामीण उग्र प्रदर्शन करने के लिए मजबूर हो जाएंगे।
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उन्होंने कहा कि नदी-नालों पर भी पुल न होने से लोग जान जोखिम में डालकर इनके बीच से गुजरने को मजबूर हैं। कई बार मांग उठाने के बावजूद सड़क की हालत में सुधार लाने के लिए कोई कदम नहीं उठाया गया। अब बरसात शुरू होने से सड़क पर बने गड्ढों व फिसलन से समस्या काफी बढ़ गई है।
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सड़क पर तारकोल डालने की मांग उठाते हुए लटियार पंचायत के सरपंच कुलदीप कुमार, कुलटैड पंचायत के सरपंच पवन कुमार, ग्रामीण कैप्टन स्वर्ण सिंह भीमा, शमशेर सिंह, आदि ने बताया कि बरसात के दिनों में सड़क पर कीचड़ व फिसलन बढ़ जाने से हादसों का खतरा चौगुना हो जाता है। इसके अतिरिक्त मार्ग में आने वाले नालों पर पुल नहीं बन पाए हैं। इससे वाहनों को दिक्कत होती है।
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उन्होंने कहा कि बरसात में नदी नालों का जलस्तर बढ़ने पर लोगों की पैदल आवाजाही पर भी रोक लग जाती है। हादसों का जोखिम भी लगातार बना हुआ है। इसलिए, प्रशासन से मांग है कि जल्द सड़क पर तारकोल डाला जाए। अन्यथा, आने वाले दिनों में ग्रामीण उग्र प्रदर्शन करने के लिए मजबूर हो जाएंगे।