महबूबा मुफ्ती का बयान: 'अतीत भूलकर आगे बढ़ें', कश्मीरी पंडित लौटें घाटी, मुसलमानों के साथ बनाएं नई शुरुआत
महबूबा मुफ्ती ने कहा कि कश्मीरी पंडितों की घाटी में वापसी में सरकार से ज्यादा भूमिका कश्मीरी मुसलमानों और पंडितों की साझा पहल की होनी चाहिए।
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पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती ने कहा है कि कश्मीरी पंडितों की घाटी में वापसी में सरकार से ज्यादा भूमिका कश्मीरी मुसलमानों और पंडितों की होनी चाहिए। दोनों समुदायों को मिलकर आगे बढ़ना होगा और अतीत को भूलकर भविष्य की ओर देखना चाहिए।
अनंतनाग जिले के वेरिनाग क्षेत्र में एक कश्मीरी पंडित परिवार के कार्यक्रम में शामिल होने के बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि 'हम एक हैं, अलग नहीं' कश्मीरी पंडितों से अपील की कि वे पुराने अनुभवों को पीछे छोड़कर घाटी में लौटने पर विचार करें।
महबूबा मुफ्ती ने कहा कि देश के विभिन्न हिस्सों में कई कश्मीरी पंडित डॉक्टर और अन्य पेशेवर आज भी सेवाएं दे रहे हैं और उन्हें भी कश्मीर में आकर काम करना चाहिए ताकि लोगों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।
सरकार को घाटी में रहने वाले कश्मीरी पंडितों, खासकर पीएम पैकेज कर्मचारियों के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करानी चाहिए। साथ ही प्रमुख मंदिरों के पास बड़े सराय (आवासीय सुविधाएं) बनाने की आवश्यकता भी जताई ताकि कश्मीरी पंडित आसानी से घाटी में आ-जा सकें। उन्होंने उम्मीद जताई कि कश्मीर, जिसे संतों की घाटी कहा जाता है, एक बार फिर कश्मीरी पंडितों की वापसी से समृद्ध होगा।