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कठुआ: एक्सप्रेस-वे के निर्माण में स्थानीय लोगों को नहीं मिल रहा रोजगार, किया प्रदर्शन
Tue, 08 Nov 2022 01:17 PM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
अमर उजाला नेटवर्क, कठुआ
अमर उजाला नेटवर्क, कठुआ
Published by: जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
Updated Tue, 08 Nov 2022 01:17 PM IST
सार
भवन निर्माण कामगार यूनियन के महासचिव राज कुमार ने कहा कि जिले की सीमा में होने वाले इस निर्माण में स्थानीय लोगों को रोजगार दिए जाने के बजाए दूसरे राज्यों से लोगों को लाकर निर्माण करवाया जा रहा है।
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एक्सप्रेस-वे के निर्माण में रोजगार न मिलने पर रोष जताते युवा। संवाद
- फोटो : KATHUA
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विस्तार
सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय की ओर से कठुआ जिले की सीमा में हो रहे एक्सप्रेस-वे के काम में स्थानीय मजदूरों को वरीयता न दिए जाने पर भवन निर्माण कामगार यूनियन का रोष बढ़ता जा रहा है। सोमवार को यूनियन के बैनर तले सैकड़ों युवाओं ने डीसी कार्यालय के समक्ष जोरदार नारेबाजी करते हुए उन्हें रोजगार के इस मौके से वंचित करने का आरोप लगाया। निर्माण एजेंसी मेगा इंफ्रा लिमिटेड के बरनोटी स्थित कार्यालय के समक्ष धरना शुरू करने का ऐलान किया।
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प्रदर्शनकारियों का नेतृत्व कर रहे भवन निर्माण कामगार यूनियन के महासचिव राज कुमार ने कहा कि जिले की सीमा में होने वाले इस निर्माण में स्थानीय लोगों को रोजगार दिए जाने के बजाए दूसरे राज्यों से लोगों को लाकर निर्माण करवाया जा रहा है। जबकि इस तरह के निर्माण में सरकार के प्रावधान के अनुसार 100 प्रतिशत अनस्किल्ड और 80 प्रतिशत सेमी स्किल्ड व स्किल्ड लोगों को रोजगार देने के साथ-साथ निर्माण में स्थानीय मशीनरी जो कि योग्य पाई जाती है, उसका भी इस्तेमाल करने का नियम है।
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इसके बाद भी स्थानीय लोगों को उनके हक से वंचित किया जा रहा है। योजना को अमलीजामा पहनाने के लिए संसाधन भी जम्मू-कश्मीर के इस्तेमाल हो रहे हैं। स्थानीय बेरोजगारों के साथ हो रही इस नाइंसाफी के खिलाफ उनका संगठन पिछले दो माह से प्रदर्शन कर रहा है। जिसके बाद गत माह की 7 तारीख को जिला प्रशासन के समन्वय से नेशलन हाईवे अथारिटी, निर्माण एजेंसी और मजदूर संगठनों के बीच बैठक हुई। जिसमें हाईवे अथारिटी ने मजदूर संगठनों की मांग को पूरा करने का आश्वासन दिया था।
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इसके बाद भी बाहरी राज्यों के मजदूरों और मशीनरी का आना लगातार जारी है। उन्होंने कहा कि आज वह प्रशासन को आखिरी चेतावनी देने के लिए आए हैं। बुधवार से वह निर्माण एजेंसी के बाहर धरना लगाकर बैठ जाएंगे। इसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। प्रदर्शन में हरि सिंह, कुलदीप सिंह, सुरेंद्र सिंह, बलकार सिंह, कुलदीप कुमार, रिंकू प्रभात सिंह, राकेश कुमार शर्मा, सुरेंश सिंह, विनोद गुप्ता आदि शामिल रहे।