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Kathua News: 33 साल से नहीं बढ़ा हाई स्कूल गढ़ का दर्जा
Sat, 26 Jul 2025 12:55 AM IST
जम्मू और कश्मीर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
संवाद न्यूज एजेंसी, कठुआ
Updated Sat, 26 Jul 2025 12:55 AM IST
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11वीं और 12वीं की पढ़ाई के लिए विद्यार्थियों को जाना पड़ रहा 20 किलोमीटर दूर
बिलावर। सरकार ने 33 साल से हाई स्कूल गढ़ का दर्जा नहीं बढ़ाया। लोगों ने बताया कि 1992 में सरकार ने मिडिल स्कूल से इसे हाई स्कूल का दर्जा दिया था। इसके बाद स्कूल को आज तक हायर सेकेंडरी नहीं बनाया गया। 11वीं और 12वीं कक्षा की पढ़ाई करने के लिए विद्यार्थियों को गढ़ गांव से 20 किलोमीटर की दूर हायर सेकेंडरी स्कूल बिलावर जाना पड़ता है। कुछ विद्यार्थी हायर सेकेंडरी स्कूल दरुंग या फिर हायर सेकेंडरी स्कूल भड्डू में भी पढ़ाई करते हैं।
अशोक शर्मा, रविंद्र सिंह, दविंदर सिंह, गणेश और अमित ने बताया कि गवर्नमेंट हाई स्कूल गढ़ में 200 विद्यार्थी पढ़ाई करते हैं और विद्यार्थी दसवीं कक्षा पास करने के बाद हायर सेकेंडरी स्कूल में पढ़ने के लिए कई किलोमीटर पैदल चलकर सड़क तक पहुंचते हैं। इसके बाद मिनी बसों से अलग-अलग हायर सेकेंडरी स्कूलों में पढ़ाई करने के लिए पहुंचते हैं। लोगों ने कहा कि आर्थिक तंगी से जूझने वाले विद्यार्थी दसवीं कक्षा के बाद मजबूरी में पढ़ाई छोड़ देते हैं। लोगों ने बताया कि हाई स्कूल का दर्जा बढ़ाने के लिए कई बार सरकार से मांग कर चुके हैं।
लोगों ने कहा कि स्कूल का दर्जा बढ़ने से गांव के आसपास के चार अन्य गांवों के 100 से अधिक विद्यार्थियों को फायदा मिलेगा और विद्यार्थियों को घर के पास ही हायर सेकेंडरी स्कूल की सुविधा उपलब्ध हो जाएगी।
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मामला शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों के संज्ञान में है। हाई स्कूल का दर्जा बढ़ाने के लिए एक साल पहले रिपोर्ट बनाकर उच्च अधिकारियों को सौंप दी है।
- चमन लाल, डिप्टी सीईओ बिलावर
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बिलावर। सरकार ने 33 साल से हाई स्कूल गढ़ का दर्जा नहीं बढ़ाया। लोगों ने बताया कि 1992 में सरकार ने मिडिल स्कूल से इसे हाई स्कूल का दर्जा दिया था। इसके बाद स्कूल को आज तक हायर सेकेंडरी नहीं बनाया गया। 11वीं और 12वीं कक्षा की पढ़ाई करने के लिए विद्यार्थियों को गढ़ गांव से 20 किलोमीटर की दूर हायर सेकेंडरी स्कूल बिलावर जाना पड़ता है। कुछ विद्यार्थी हायर सेकेंडरी स्कूल दरुंग या फिर हायर सेकेंडरी स्कूल भड्डू में भी पढ़ाई करते हैं।
अशोक शर्मा, रविंद्र सिंह, दविंदर सिंह, गणेश और अमित ने बताया कि गवर्नमेंट हाई स्कूल गढ़ में 200 विद्यार्थी पढ़ाई करते हैं और विद्यार्थी दसवीं कक्षा पास करने के बाद हायर सेकेंडरी स्कूल में पढ़ने के लिए कई किलोमीटर पैदल चलकर सड़क तक पहुंचते हैं। इसके बाद मिनी बसों से अलग-अलग हायर सेकेंडरी स्कूलों में पढ़ाई करने के लिए पहुंचते हैं। लोगों ने कहा कि आर्थिक तंगी से जूझने वाले विद्यार्थी दसवीं कक्षा के बाद मजबूरी में पढ़ाई छोड़ देते हैं। लोगों ने बताया कि हाई स्कूल का दर्जा बढ़ाने के लिए कई बार सरकार से मांग कर चुके हैं।
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लोगों ने कहा कि स्कूल का दर्जा बढ़ने से गांव के आसपास के चार अन्य गांवों के 100 से अधिक विद्यार्थियों को फायदा मिलेगा और विद्यार्थियों को घर के पास ही हायर सेकेंडरी स्कूल की सुविधा उपलब्ध हो जाएगी।
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मामला शिक्षा विभाग के उच्च अधिकारियों के संज्ञान में है। हाई स्कूल का दर्जा बढ़ाने के लिए एक साल पहले रिपोर्ट बनाकर उच्च अधिकारियों को सौंप दी है।
- चमन लाल, डिप्टी सीईओ बिलावर