{"_id":"6960e1aa9fe5f5b44d02f2d5","slug":"strict-action-will-be-taken-against-illegal-cutting-of-khair-sushil-rana-una-news-c-93-1-ssml1047-177706-2026-01-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"खैर के अवैध कटान पर होगी सख्त कार्रवाई : सुशील राणा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खैर के अवैध कटान पर होगी सख्त कार्रवाई : सुशील राणा
विज्ञापन
मामले सामने आने के बाद वन विभाग हुआ सख्त
संवाद न्यूज एजेंसी
बंगाणा (ऊना)। जिले के विभिन्न उपमंडलों में इन दिनों खैर के पेड़ों का कटान किया जा रहा है। यह कटान लोगों की मलकीयत (निजी) भूमि पर ही स्वीकृत है। हालांकि, कुछ मामलों में ठेकेदारों और संबंधित व्यक्तियों की आपसी सांठगांठ से सरकारी भूमि से भी खैर के पेड़ काटे जाने की शिकायतें सामने आई हैं। ऐसे मामलों में वन विभाग की ओर से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ये निर्देश डीएफओ ऊना सुशील राणा ने बंगाणा में आयोजित एक बैठक के दौरान दिए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि वर्तमान में खैर का कटान केवल निजी भूमि पर ही किया जा रहा है, जिसमें ठेकेदार और भूमि मालिक की आपसी सहमति होती है। इस प्रक्रिया में पटवारी और कानूनगो की ओर से पहले ही ठेकेदार को संबंधित भूमि के मालिक और उसकी सीमाओं की जानकारी दे दी जाती है। इसके बावजूद कुछ स्थानों पर कुछ लोग ठेकेदारों से सांठगांठ कर सरकारी अथवा खुदरो भूमि से अवैध रूप से पेड़ कटवा रहे हैं। डीएफओ ने बताया कि विभाग ने इस बार पहले ही सभी ठेकेदारों को सख्त हिदायतें जारी कर दी हैं कि यदि कोई भी व्यक्ति खुदरो या सरकारी भूमि से अवैध कटान करता पाया गया तो उसके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जिले के गगरेट, अंब, हरोली सहित रामगढ़ धार रेंज, बंगाणा रेंज, पिपलू रेंज, चौली रेंज, ध्यूंसर रेंज, खुरवाई रेंज, थानाकलां रेंज और रायपुर मैदान रेंज सहित अन्य क्षेत्रों में निजी भूमि पर खैर का कटान जारी है। यदि इनमें से किसी भी स्थान पर सरकारी भूमि से खैर के कटान की शिकायत प्राप्त होती है, तो संबंधित व्यक्ति और ठेकेदार दोनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
बंगाणा (ऊना)। जिले के विभिन्न उपमंडलों में इन दिनों खैर के पेड़ों का कटान किया जा रहा है। यह कटान लोगों की मलकीयत (निजी) भूमि पर ही स्वीकृत है। हालांकि, कुछ मामलों में ठेकेदारों और संबंधित व्यक्तियों की आपसी सांठगांठ से सरकारी भूमि से भी खैर के पेड़ काटे जाने की शिकायतें सामने आई हैं। ऐसे मामलों में वन विभाग की ओर से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। ये निर्देश डीएफओ ऊना सुशील राणा ने बंगाणा में आयोजित एक बैठक के दौरान दिए।
उन्होंने स्पष्ट किया कि वर्तमान में खैर का कटान केवल निजी भूमि पर ही किया जा रहा है, जिसमें ठेकेदार और भूमि मालिक की आपसी सहमति होती है। इस प्रक्रिया में पटवारी और कानूनगो की ओर से पहले ही ठेकेदार को संबंधित भूमि के मालिक और उसकी सीमाओं की जानकारी दे दी जाती है। इसके बावजूद कुछ स्थानों पर कुछ लोग ठेकेदारों से सांठगांठ कर सरकारी अथवा खुदरो भूमि से अवैध रूप से पेड़ कटवा रहे हैं। डीएफओ ने बताया कि विभाग ने इस बार पहले ही सभी ठेकेदारों को सख्त हिदायतें जारी कर दी हैं कि यदि कोई भी व्यक्ति खुदरो या सरकारी भूमि से अवैध कटान करता पाया गया तो उसके खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। जिले के गगरेट, अंब, हरोली सहित रामगढ़ धार रेंज, बंगाणा रेंज, पिपलू रेंज, चौली रेंज, ध्यूंसर रेंज, खुरवाई रेंज, थानाकलां रेंज और रायपुर मैदान रेंज सहित अन्य क्षेत्रों में निजी भूमि पर खैर का कटान जारी है। यदि इनमें से किसी भी स्थान पर सरकारी भूमि से खैर के कटान की शिकायत प्राप्त होती है, तो संबंधित व्यक्ति और ठेकेदार दोनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
विज्ञापन