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Una News: ऊना में 25 दिसंबर को होगा किसान सम्मेलनः बलबीर चौधरी
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कहा- रजिस्ट्रियां और इंतकाल खारिज कर जमीनें छीनने का षड्यंत्र रचा जा रहा
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। किसान योद्धा सरदार रुड़का सिंह कल्याण समिति की बैठक इंजीनियर बलवीर चौधरी की अध्यक्षता में गांव ढकियां पंजावर में हुई। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि 25 दिसंबर को जिला मुख्यालय में किसान सम्मेलन होगा।
सम्मेलन में जिलाभर के किसान शामिल होंगे। बलवीर चौधरी ने कहा कि सरदार रुड़का सिंह कल्याण समिति 25 दिसंबर को जिला मुख्यालय पर एक किसान सम्मेलन आयोजित करवाएगी। सम्मेलन में जिला भर के किसान शामिल होंगे। किसानों की समस्याओं पर विचार विमर्श किया जाएगा और उनके निवारण के लिए ठोस रणनीति तैयार की जाएगी। कहा कि जिन किसानों की रजिस्ट्रियां और इंतकाल खारिज कर जमीनें छीनने का षड्यंत्र रचा जा रहा, उस पर गहरा मंथन किया जाएगा।
बलवीर चौधरी ने कहा कि हाईकोर्ट ने जनहित याचिका संख्या 157 वर्ष 2017 के अंतर्गत 3-11-2020 को सरकार को आदेश दिए कि सरकारी स्कूलों में हर साल दो बार शिक्षकों की भर्ती की जाए। ये भी निर्देश दिए थे कि सरकारी स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए केवल नियमित शिक्षकों की भर्ती की जाए। दुर्भाग्यवश सरकार न तो साल में दो बार शिक्षकों की भर्ती और न नियमित शिक्षकों की भर्ती कर पाई। इसके विपरीत हाल ही में प्रदेश मंत्रिमंडल ने अस्थायी गेस्ट टीचर भर्ती करने का निर्णय लिया है। इससे सरकारी स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता गिरने की संभावना है।
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उन्होंने कहा कि गेस्ट टीचर भर्ती की न तो लिखित परीक्षा से होगी और न रोजगार कार्यालय के माध्यम से होगी। हम सभी जानते हैं कि प्रदेश सरकार चार साल में 3840 प्री प्राईमरी कक्षाओं को पढ़ाने के लिए आज तक एक भी प्री प्राईमरी शिक्षक तैनात नहीं कर पाई है। सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी के कारण किसान अपने बच्चों को निजी स्कूलों में पढ़ाने के लिए मजबूर हो चुके हैं।
कहा कि निजी स्कूलों में दो वच्चों की पढ़ाई के लिए 50,000 रुपये सालाना खर्च हो जाते हैं। इसलिए यदि सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी न रहती तो हर किसान परिवार की 50000 रुपये सालाना बचत हो जाती। बैठक में समिति के सचिव पूर्व सैनिक सुभाष कौंडल, कोषाध्यक्ष मास्टर गुरमेश चौधरी, गगरेट मंडल के अध्यक्ष ईं. दुलंभ सिंह, हरोली मंडल के अध्यक्ष जसपाल चौधरी, सचिव रविंद्र खसरू, रमेश चन्द चौधरी, विरेंद्र कुमार, विजय कुमार, हरदियाल सिंह, जीवन कुमार आदि उपस्थित रहे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। किसान योद्धा सरदार रुड़का सिंह कल्याण समिति की बैठक इंजीनियर बलवीर चौधरी की अध्यक्षता में गांव ढकियां पंजावर में हुई। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि 25 दिसंबर को जिला मुख्यालय में किसान सम्मेलन होगा।
सम्मेलन में जिलाभर के किसान शामिल होंगे। बलवीर चौधरी ने कहा कि सरदार रुड़का सिंह कल्याण समिति 25 दिसंबर को जिला मुख्यालय पर एक किसान सम्मेलन आयोजित करवाएगी। सम्मेलन में जिला भर के किसान शामिल होंगे। किसानों की समस्याओं पर विचार विमर्श किया जाएगा और उनके निवारण के लिए ठोस रणनीति तैयार की जाएगी। कहा कि जिन किसानों की रजिस्ट्रियां और इंतकाल खारिज कर जमीनें छीनने का षड्यंत्र रचा जा रहा, उस पर गहरा मंथन किया जाएगा।
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बलवीर चौधरी ने कहा कि हाईकोर्ट ने जनहित याचिका संख्या 157 वर्ष 2017 के अंतर्गत 3-11-2020 को सरकार को आदेश दिए कि सरकारी स्कूलों में हर साल दो बार शिक्षकों की भर्ती की जाए। ये भी निर्देश दिए थे कि सरकारी स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए केवल नियमित शिक्षकों की भर्ती की जाए। दुर्भाग्यवश सरकार न तो साल में दो बार शिक्षकों की भर्ती और न नियमित शिक्षकों की भर्ती कर पाई। इसके विपरीत हाल ही में प्रदेश मंत्रिमंडल ने अस्थायी गेस्ट टीचर भर्ती करने का निर्णय लिया है। इससे सरकारी स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता गिरने की संभावना है।
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उन्होंने कहा कि गेस्ट टीचर भर्ती की न तो लिखित परीक्षा से होगी और न रोजगार कार्यालय के माध्यम से होगी। हम सभी जानते हैं कि प्रदेश सरकार चार साल में 3840 प्री प्राईमरी कक्षाओं को पढ़ाने के लिए आज तक एक भी प्री प्राईमरी शिक्षक तैनात नहीं कर पाई है। सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी के कारण किसान अपने बच्चों को निजी स्कूलों में पढ़ाने के लिए मजबूर हो चुके हैं।
कहा कि निजी स्कूलों में दो वच्चों की पढ़ाई के लिए 50,000 रुपये सालाना खर्च हो जाते हैं। इसलिए यदि सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी न रहती तो हर किसान परिवार की 50000 रुपये सालाना बचत हो जाती। बैठक में समिति के सचिव पूर्व सैनिक सुभाष कौंडल, कोषाध्यक्ष मास्टर गुरमेश चौधरी, गगरेट मंडल के अध्यक्ष ईं. दुलंभ सिंह, हरोली मंडल के अध्यक्ष जसपाल चौधरी, सचिव रविंद्र खसरू, रमेश चन्द चौधरी, विरेंद्र कुमार, विजय कुमार, हरदियाल सिंह, जीवन कुमार आदि उपस्थित रहे।