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पंजाबी को दर्जे का मसला उठाएंगे : सती
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किला बाबा बेदी साहिब में पंजाबी भाषा को दूसरा दर्जा देने की मांग को लेकर जिला स्तरीय बैठक हुर्ई।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूराे
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अमर उजाला ब्यूरो
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ऊना। पंजाबी को प्रदेश में दूसरी भाषा का दर्जा देने का मामला गुरु नानक देव के वंशज बाबा सरबजोत सिंह बेदी के नेतृत्व में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के समक्ष उठाया जाएगा। मंगलवार को किला बाबा बेदी साहिब में पंजाबी भाषा को दूसरा दर्जा देने की मांग को लेकर बुलाई जिला स्तरीय बैठक में ये बात प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सतपाल सिंह सत्ती ने कही।
कार्यक्रम की अध्यक्षता गुरु नानक देव के वंशज बाबा सरबजोत सिंह बेदी ने की। बैठक में प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सतपाल सिंह सत्ती, उद्योग निगम के उपाध्यक्ष प्रो. राम कुमार, मास्टर जागीर सिंह, बाबा अमरजीत बेदी, गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के सदस्य दलजीत सिंह भिंडर, अविनाश कपिला, गुलशन राय, अमृत भारद्वाज, मनिंदर सिंह डांग, बाबा अजीत सिंह, भूपिंदर सिंह, हरदियाल, लखवीर लक्खी और राजीव भनोट ने विशेष रूप से शिरकत की। सत्ती ने कहा कि पंजाबी किसी जाति या धर्म की भाषा नहीं बल्कि देश क्रांति और गौरव की भाषा है। पंजाबी को प्रदेश में पूर्व भाजपा की सरकार के समय प्रेम कुमार धूमल द्वारा उचित सम्मान दिया।
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कई स्कूलों में पंजाबी को शुरू किया गया। उन्होंने कहा कि अब पुन: बाबा सरबजोत सिंह बेदी ने पंजाबी को दूसरी भाषा का दर्जा देने का मामला उठाया है। इस पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के साथ वार्ता भी हुई है। उन्होंने सकारात्मक रूप से विचार करने का आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा कि बाबा सरबजोत सिंह बेदी के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल को मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के साथ मिलाया जाएगा। इस अवसर पर गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के हिमाचल से सदस्य डॉ. दलजीत सिंह भिंडर ने कहा कि हिमाचल का 85 प्रतिशत भाग पंजाबी बोली बोलता है, समझता है। हिमाचल बनने से पहले बहुत बड़ा भाग पंजाब का हिस्सा था, ऐसे में पंजाबी को भाषा का दर्जा दिया जाना चाहिए।
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ये भी रहे मौजूद
गुरु नानक मिशन संस्था के महासचिव हरपाल सिंह कोटलां, बलतेजिंदर सिंह, हरदयाल सिंह, भूपिंदर सिंह बीनेवाल, गोपाल सिंह बालीवाल, डॉ. अमरीक सिंह, गुरमेज सिंह पुबोवाल, गुरमुख सिंह राणा, जोग्मान सिंह, परमजीत सिंह, सुंदर सिंह, शामी सिंह, शेर सिंह, मलकीत सिंह, संतोख सिंह, अर्जुन सिंह, प्यारा सिंह, हरदीप सिंह, भाग सिंह, गुरमुख सिंह, अविनाश कपिला, बलविंदर सिंह, दर्शन सिंह, नरेश, नवीन कुमार, भीम सिंह व अन्य उपस्थित रहे।