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शहर में श्रीगणेश उत्सव के अंतिम दिन निकाली गई शोभायात्रा
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सोलन। शहर में श्रीगणेश उत्सव पर लक्कड़ बाजार में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। गिरि नदी में गणेश की मूर्ति का विसर्जन किया गया। दस सितंबर से शुरू हुए कार्यक्रम का शुक्रवार को समापन किया गया। चौक बाजार से लोगों ने शोभायात्रा का आयोजन किया। साथ ही लक्कड़ बाजार में भंडारे भी लगाया गया।
हालांकि भंडोर का प्रसाद ग्रहण करने के लिए लंबी-लंबी लाइनें लगी रहीं। भंडारे का प्रसाद ग्रहण करने के लिए पहुंचे अधिकतर लोग बिना मास्क ही दिखाई दिए। लोगों के बीच सामाजिक दूरी भी नहीं देखी गई। कोविड काल के बीच भंडारे पर लगे प्रतिबंध के बावजूद लोगों को एक साथ खाना परोसा गया।
वहीं, सुबह से ही मंदिर में गणेश जी के दर्शन करने के भक्त पहुंचते रहे। मंदिर में पुजारी ने श्रीगणेश की पूजा-अर्चना कर गिरि नदी विसर्जन के लिए शोभायात्रा को रवाना कर दिया गया। उधर, मां दुर्गा सेवा समिति लक्कड़ बाजार के प्रधान डीएन गुप्ता ने कहा कि श्रीगणेश उत्सव का धूमधाम से समापन किया गया। मंदिर में पूजा-अर्चना कर गिरि नदी में विसर्जन के लिए मूर्ति को रवाना किया गया। इस अवसर पर लोगों की आस्था को देखते हुए भंडोर का आयोजन भी किया गया।
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हालांकि भंडोर का प्रसाद ग्रहण करने के लिए लंबी-लंबी लाइनें लगी रहीं। भंडारे का प्रसाद ग्रहण करने के लिए पहुंचे अधिकतर लोग बिना मास्क ही दिखाई दिए। लोगों के बीच सामाजिक दूरी भी नहीं देखी गई। कोविड काल के बीच भंडारे पर लगे प्रतिबंध के बावजूद लोगों को एक साथ खाना परोसा गया।
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वहीं, सुबह से ही मंदिर में गणेश जी के दर्शन करने के भक्त पहुंचते रहे। मंदिर में पुजारी ने श्रीगणेश की पूजा-अर्चना कर गिरि नदी विसर्जन के लिए शोभायात्रा को रवाना कर दिया गया। उधर, मां दुर्गा सेवा समिति लक्कड़ बाजार के प्रधान डीएन गुप्ता ने कहा कि श्रीगणेश उत्सव का धूमधाम से समापन किया गया। मंदिर में पूजा-अर्चना कर गिरि नदी में विसर्जन के लिए मूर्ति को रवाना किया गया। इस अवसर पर लोगों की आस्था को देखते हुए भंडोर का आयोजन भी किया गया।
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