फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Solan News ›   No TET qualified teachers, no adequate security arrangements, notices to 60 schools

Solan News: न टेट पास अध्यापक, न सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम, 60 स्कूलों को नोटिस

Sat, 07 Feb 2026 11:30 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Sat, 07 Feb 2026 11:30 PM IST
विज्ञापन
दस दिन में सुधारनी होगी व्यवस्था, समय पर रिपोर्ट न देने पर निजी स्कूलों की मान्यता की होगी रद्द
विज्ञापन

जिले के 227 निजी स्कूल 167 की विभाग ने मान्यता की रिन्यू
मान्यता रिन्यू जांच में खुलासा,
संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। जिले के कई नामी निजी स्कूल शिक्षा विभाग के नियमों की पालना नहीं कर रहे हैं। इसका खुलासा शिक्षा विभाग के पास मान्यता रिन्यू के लिए आए आवेदनों की जांच से हुआ है। जांच में पाया कि छोटे स्कूलों के साथ-साथ बड़े और नामी निजी स्कूलों में भी टेट पास अध्यापक तक तैनात नहीं हैं।
इसके अलावा कई स्कूलों में खेल सुविधाओं, बच्चों की सुरक्षा, फायर उपकरण और अन्य जरूरी सुरक्षा इंतजामों की भी भारी कमी है। शिक्षा विभाग ने नियमों की अनदेखी करने वाले 60 निजी स्कूलों को नोटिस जारी करते हुए 10 दिनों के भीतर व्यवस्थाएं सुधार कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं। तय समय सीमा में सुधार न होने पर संबंधित स्कूलों की मान्यता रद्द कर दी जाएगी। विभाग ने इसे अंतिम नोटिस बताया है।
विज्ञापन

जानकारी के अनुसार जिले में 227 छोटे-बड़े निजी स्कूल संचालित हो रहे हैं। शिक्षा विभाग ने सभी निजी स्कूल प्रबंधकों को टेट पास अध्यापक रखने के स्पष्ट निर्देश जारी किए थे। इसके बावजूद कई स्कूल प्रबंधकों ने इन निर्देशों की अनदेखी की। इसके बाद शिक्षा विभाग ने सख्त रुख अपनाया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

इस शिक्षा सत्र में केवल उन्हीं स्कूलों में बच्चों को शिक्षा दी जाएगी, जो शिक्षा निदेशालय की ओर से तय नियमों के अनुसार गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे। 167 निजी स्कूलों का निरीक्षण कर उन्हें मान्यता दी जा चुकी है। अब केवल वही स्कूल मान्यता पाएंगे, जो विभाग की अधिसूचना के अनुसार सभी मानकों को पूरा करेंगे।
-राज कुमार पराशर, उप जिला शिक्षा अधिकारी, प्रारंभिक शिक्षा
स्कूलों में ये चल रहा धंधा
कई निजी स्कूल प्रबंधक शिक्षा को धंधे के रूप में चला रहे हैं। विद्यार्थियों को पढ़ाने के लिए कम शिक्षित अध्यापक स्टाफ नियुक्त किया गया है। जिले में कई निजी स्कूलों में ऐसे शिक्षक कार्यरत हैं, जिन्होंने ग्रेजुएशन तक भी पूरी नहीं की है। इसके बावजूद वे विद्यार्थियों को शिक्षा प्रदान कर रहे हैं। इससे बच्चों को योग्य अध्यापकों से मिलने वाली गुणवत्तापूर्ण शिक्षा से वंचित किया जा रहा है।

नियम न मानने वालों को नहीं मिलेगी मान्यता
तय नियमों की पालना न करने वाले स्कूलों की मान्यता रद्द की जाएगी। 60 स्कूलों को नोटिस जारी किया गया है। यदि संतोषजनक जवाब नहीं मिला तो निदेशालय को रिपोर्ट भेजकर उनकी मान्यता रद्द करवाई जाएगी। स्कूल प्रबंधकों को निर्देश दिए गए हैं कि वे टेट पास अध्यापकों की तैनाती करें और स्कूलों में सुरक्षा से जुड़े सभी कार्य पूरे करें।
-मोहिंद्र चंद पिरटा, शिक्षा उपनिदेशक प्रारंभिक शिक्षा
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed