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सब्जियों और फलों की दुकानों में नहीं लगाई जा रही मूल्य सूची
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अमर उजाला ब्यूरो
सोलन। शहर में अधिकतर सब्जियों और फलों की दुकानों में रेट लिस्ट नहीं लगाई जा रही है। इससे लोगों को लुटने को मजबूर होना पड़ रहा है। इन दुकानों पर रेट लिस्ट न होने के कारण खरीदारी करने आए लोगों को सही रेट का भी कोई अंदाजा नहीं लग पा रहा है। इससे लोग मनमाने दामों पर खरीदारी करने को मजबूर हैं। इन सब्जी और फल विक्रेताओं के हौसले और बुलंद होते जा रहे हैं।
शहर में स्थानीय ही नहीं बल्कि आसपास के क्षेत्रों में भी लोग सस्ती सब्जी लेने की आस में आते हैं। लेकिन उन्हें दुकानों में रेट लिस्ट न लगे होने से महंगे दामों पर ही खरीदारी करनी पड़ रही है। इससे उनकी आर्थिक स्थिति पर बुरा प्रभाव पड़ रहा है।
ेकई दुकानदारों ने तो पुरानी रेट लिस्ट से ही काम को चलाया हुआ है तो कइयों ने रेट लिस्ट को बिल्कुल पीछे और ढक कर रखा है। इससे विभाग की ओर से बनाए नियमों की अवहेलना होती साफ दिखाई दे रही है। इसका खामियाजा लोगों को भुगतना पड़ रहा है जबकि विभाग से बनाए नियम के हिसाब से रेट लिस्ट का सामने लगा होना जरूरी है।
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जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक मिलाप शांडिल ने बताया कि विभाग ने समय-समय पर कार्रवाई की जाती है। दुकानों में रेट लिस्ट न लगाने वालों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। जल्द ही इसे लेकर अभियान शुरू किया जाएगा।
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सोलन। शहर में अधिकतर सब्जियों और फलों की दुकानों में रेट लिस्ट नहीं लगाई जा रही है। इससे लोगों को लुटने को मजबूर होना पड़ रहा है। इन दुकानों पर रेट लिस्ट न होने के कारण खरीदारी करने आए लोगों को सही रेट का भी कोई अंदाजा नहीं लग पा रहा है। इससे लोग मनमाने दामों पर खरीदारी करने को मजबूर हैं। इन सब्जी और फल विक्रेताओं के हौसले और बुलंद होते जा रहे हैं।
शहर में स्थानीय ही नहीं बल्कि आसपास के क्षेत्रों में भी लोग सस्ती सब्जी लेने की आस में आते हैं। लेकिन उन्हें दुकानों में रेट लिस्ट न लगे होने से महंगे दामों पर ही खरीदारी करनी पड़ रही है। इससे उनकी आर्थिक स्थिति पर बुरा प्रभाव पड़ रहा है।
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ेकई दुकानदारों ने तो पुरानी रेट लिस्ट से ही काम को चलाया हुआ है तो कइयों ने रेट लिस्ट को बिल्कुल पीछे और ढक कर रखा है। इससे विभाग की ओर से बनाए नियमों की अवहेलना होती साफ दिखाई दे रही है। इसका खामियाजा लोगों को भुगतना पड़ रहा है जबकि विभाग से बनाए नियम के हिसाब से रेट लिस्ट का सामने लगा होना जरूरी है।
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जिला खाद्य एवं आपूर्ति नियंत्रक मिलाप शांडिल ने बताया कि विभाग ने समय-समय पर कार्रवाई की जाती है। दुकानों में रेट लिस्ट न लगाने वालों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। जल्द ही इसे लेकर अभियान शुरू किया जाएगा।