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टिकट आवंटन के बाद नाहन कांग्रेस में बगावत
Updated Sun, 22 Oct 2017 11:13 PM IST
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- फोटो : SELF
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सोलन। नालागढ़ विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस की टिकट तय होने के बाद बगावत के आसार बढ़ गए हैं। यहां कांग्रेस प्रत्याशी लखविंद्र राणा और कामगार बोर्ड के अध्यक्ष बावा हरदीप सिंह टिकट की दौड़ में शामिल थे। दोनों कद्दावर नेताओं की वजह से कांग्रेस इस टिकट पर फैसला नहीं कर पा रही थी। आखिरी क्षणों में लखविंद्र राणा को टिकट दिया गया। इसके बाद बावा हरदीप सिंह के घर पर कार्यकर्ताओं का जमावड़ा लग गया और देर शाम तक चुनाव लड़ने को लेकर मंथन चलता रहा।
हरदीप बावा को वीरभद्र सिंह का खास माना जाता है और उन्हीं की वजह से कांग्रेस की सरकार रहते बावा हरदीप सिंह को कामगार बोर्ड का अध्यक्ष बनाया गया था। इस दौरान बावा मजदूरों व कामगारों में पैठ बनाने में कामयाब भी रहे। आखिरी समय तक मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह बावा हरदीप सिंह को टिकट दिलवाने के पक्ष में थे। लेकिन, पूर्व केंद्रीय मंत्री आनंद शर्मा लखविंद्र राणा को नालागढ़ से उम्मीदवार बनाना चाहते थे। इसके चलते नामांकन के आखिरी दिन से चौबीस घंटे पहले तक टिकट आवंटन को लेकर पेंच फंसा रहा।
रविवार को टिकट का एलान होते ही राणा समर्थक जश्न में डूब गए। जबकि बावा समर्थकों ने बंद कमरे में आगे की रणनीति बनाने शुरू कर दी। करीब साढ़े तीन बजे बावा के घर पर शुरू हुई यह गुप्त बैठक देर शाम तक चलती रही। इस बीच बावा को आजाद उम्मीदवार के तौर पर मैदान में उतारने की भी चर्चा होती रही। इसके बाद नालागढ़ विधानसभा क्षेत्र से सोमवार को बावा हरदीप के नामांकन भरने की संभावनाएं भी बढ़ गई हैं।
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टिकट मिलने के बाद लखविंद्र राणा ने कहा कि जीत के लिए पूूरा जोर लगाया जाएगा। जो लोग नाराज हैं उन्हें मनाने की कोशिश होगी और नालागढ़ की सीट जीतकर कांग्रेस पार्टी को प्रदेश में मजबूत करेंगे। बाक्स
बावा हरदीप ने इस बारे में कोई बात नहीं की। उनके समर्थकों ने बताया कि वे बैठक में हैं और यह बैठक आगामी रणनीति को लेकर आयोजित की गई है। बैठक में जो निर्णय होगा उसे अमल में लाया जाएगा।
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हरदीप बावा को वीरभद्र सिंह का खास माना जाता है और उन्हीं की वजह से कांग्रेस की सरकार रहते बावा हरदीप सिंह को कामगार बोर्ड का अध्यक्ष बनाया गया था। इस दौरान बावा मजदूरों व कामगारों में पैठ बनाने में कामयाब भी रहे। आखिरी समय तक मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह बावा हरदीप सिंह को टिकट दिलवाने के पक्ष में थे। लेकिन, पूर्व केंद्रीय मंत्री आनंद शर्मा लखविंद्र राणा को नालागढ़ से उम्मीदवार बनाना चाहते थे। इसके चलते नामांकन के आखिरी दिन से चौबीस घंटे पहले तक टिकट आवंटन को लेकर पेंच फंसा रहा।
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रविवार को टिकट का एलान होते ही राणा समर्थक जश्न में डूब गए। जबकि बावा समर्थकों ने बंद कमरे में आगे की रणनीति बनाने शुरू कर दी। करीब साढ़े तीन बजे बावा के घर पर शुरू हुई यह गुप्त बैठक देर शाम तक चलती रही। इस बीच बावा को आजाद उम्मीदवार के तौर पर मैदान में उतारने की भी चर्चा होती रही। इसके बाद नालागढ़ विधानसभा क्षेत्र से सोमवार को बावा हरदीप के नामांकन भरने की संभावनाएं भी बढ़ गई हैं।
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टिकट मिलने के बाद लखविंद्र राणा ने कहा कि जीत के लिए पूूरा जोर लगाया जाएगा। जो लोग नाराज हैं उन्हें मनाने की कोशिश होगी और नालागढ़ की सीट जीतकर कांग्रेस पार्टी को प्रदेश में मजबूत करेंगे। बाक्स
बावा हरदीप ने इस बारे में कोई बात नहीं की। उनके समर्थकों ने बताया कि वे बैठक में हैं और यह बैठक आगामी रणनीति को लेकर आयोजित की गई है। बैठक में जो निर्णय होगा उसे अमल में लाया जाएगा।