फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Sirmour News ›   The effect of the shutdown was visible in Dadahu market, passengers were yearning for even refreshments.

Sirmour News: ददाहू बाजार में दिखा बंद का असर, जलपान तक को तरसे यात्री

Mon, 05 Oct 2026 11:55 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Mon, 05 Oct 2026 11:55 PM IST
विज्ञापन
The effect of the shutdown was visible in Dadahu market, passengers were yearning for even refreshments.
ददाहू में एसडीएम राजीव सांख्यान को ज्ञापन सौंपते व्यापारी। संवाद
अतिक्रमण की कार्रवाई से खफा व्यापारियों ने दुकानें बंद रखकर जताया सांकेतिक रोष
विज्ञापन

सती बाग में बैठक कर उपायुक्त को भेजा चार पृष्ठ का ज्ञापन, कार्रवाई जारी रही तो आंदोलन की चेतावनी


संवाद न्यूज एजेंसी
ददाहू (सिरमौर)। अतिक्रमण को लेकर स्थानीय प्रशासन की कार्रवाई के विरोध में सोमवार को ददाहू बाजार पूरी तरह बंद रहा। दवा की दुकानों को छोड़कर सभी दुकानें और व्यापारिक प्रतिष्ठान बंद रहे। इससे आसपास की करीब 50 पंचायतों से खरीदारी और अन्य काम के लिए ददाहू पहुंचे लोगों को परेशानी उठानी पड़ी। बाजार बंद होने के कारण यात्रियों को चाय-नाश्ते और जलपान तक के लिए भटकना पड़ा।
व्यापारियों ने प्रशासन की कार्रवाई के विरोध में शांतिपूर्ण ढंग से सांकेतिक हड़ताल की। इस दौरान किसी तरह का धरना, प्रदर्शन या नारेबाजी नहीं की गई। दुकानदारों ने दुकानें बंद रखकर अपना विरोध दर्ज करवाया। इसके बाद सतीबाग में व्यापारियों की बैठक हुई, जिसमें अतिक्रमण को लेकर प्रशासन की कार्रवाई और व्यापारियों की समस्याओं पर चर्चा की गई। बैठक के बाद चार पृष्ठ का ज्ञापन तैयार कर उपायुक्त को भेजा गया।
विज्ञापन

पंचायत प्रधान पंकज गर्ग और व्यापार मंडल प्रधान राजन गोयल ने कहा कि ददाहू का बाजार लंबे समय से आसपास के क्षेत्र का प्रमुख व्यापारिक केंद्र रहा है। करीब 50 पंचायतों के लोग दैनिक जरूरत का सामान खरीदने के लिए यहां पहुंचते हैं। व्यापारियों के अनुसार वे कारोबार के माध्यम से प्रशासन और विभिन्न विभागों का सहयोग करते आ रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

व्यापारियों ने आरोप लगाया कि अतिक्रमण को लेकर बार-बार कार्रवाई और दबाव बनाए जाने से व्यापारी वर्ग परेशान है। उनका कहना था कि बाजार की पुरानी व्यवस्था और व्यापारिक गतिविधियों को ध्यान में रखते हुए प्रशासन को कार्रवाई से पहले समस्या का व्यावहारिक समाधान निकालना चाहिए। व्यापारियों ने कहा कि प्रशासन की कार्रवाई से बाजार का माहौल प्रभावित हो रहा है। यदि कार्रवाई का सिलसिला नहीं रुका और व्यापारियों की समस्याओं पर गौर नहीं किया गया तो उन्हें मजबूर होकर आंदोलन का रास्ता अपनाना पड़ेगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed