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Sirmour News: अभिभावकों के लिए सिरदर्द बनी वर्दी की खरीद
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वर्दी खरीदने के लिए चुनिंदा दुकानों पर भेज रहा स्कूल प्रबंधन
स्कूल प्रबंधन की कार्यप्रणाली से अन्य दुकानदार खफा
संवाद न्यूज एजेंसी
ददाहू (सिरमौर) प्रदेशभर के सरकारी स्कूलों में एसएमसी को वर्दी का चयन करने की छूट दिए जाने से वर्दी की खरीद अभिभावकों के लिए सिरदर्द बन गई है। प्रदेश सरकार ने सभी सरकारी स्कूलों में वर्दी के सात डिजाइनों को चुनने के लिए भेजा है। इनमें से अभिभावकों व एसएमसी की सहमति से ही वर्दी के रंग का चयन करके उसे स्कूलों में लागू किया जाना है। लेकिन स्कूल प्रबंधकों पर मनचाही दुकानों से वर्दी खरीदने के आरोप लग रहे हैं। इससे कुछ दुकानदार भी स्कूल प्रबंधन की इस कार्यप्रणाली से खफा हैं।
अभिभावकों का कहना है कि प्रबंधकों को चाहिए था कि दुकानदारों को वर्दी के रंगों के नमूने प्रदान करते जिससे अभिभावक अपनी पसंदीदा दुकान से वर्दी की खरीद कर पाते। जिला उच्च शिक्षा उपनिदेशक हिमेंद्र बाली ने बताया कि वर्दी की खरीद से स्कूल प्रबंधन का कोई लेना-देना नहीं है। वर्दी खरीदने के लिए अभिभावकों को बाध्य न किया जाए। अगर ऐसा हो रहा है तो वह नियमों के विरुद्ध है। शिकायत मिलते ही स्कूल प्रबंधन के विरुद्ध कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने कहा कि सभी स्कूल प्रबंधकों को यह आदेश जारी किए गए हैं कि वर्दी की खरीद से स्वयं को दूर रखें और अभिभावकों को स्वेच्छा से ही वर्दी खरीदने की छूट दें।
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स्कूल प्रबंधन की कार्यप्रणाली से अन्य दुकानदार खफा
संवाद न्यूज एजेंसी
ददाहू (सिरमौर) प्रदेशभर के सरकारी स्कूलों में एसएमसी को वर्दी का चयन करने की छूट दिए जाने से वर्दी की खरीद अभिभावकों के लिए सिरदर्द बन गई है। प्रदेश सरकार ने सभी सरकारी स्कूलों में वर्दी के सात डिजाइनों को चुनने के लिए भेजा है। इनमें से अभिभावकों व एसएमसी की सहमति से ही वर्दी के रंग का चयन करके उसे स्कूलों में लागू किया जाना है। लेकिन स्कूल प्रबंधकों पर मनचाही दुकानों से वर्दी खरीदने के आरोप लग रहे हैं। इससे कुछ दुकानदार भी स्कूल प्रबंधन की इस कार्यप्रणाली से खफा हैं।
अभिभावकों का कहना है कि प्रबंधकों को चाहिए था कि दुकानदारों को वर्दी के रंगों के नमूने प्रदान करते जिससे अभिभावक अपनी पसंदीदा दुकान से वर्दी की खरीद कर पाते। जिला उच्च शिक्षा उपनिदेशक हिमेंद्र बाली ने बताया कि वर्दी की खरीद से स्कूल प्रबंधन का कोई लेना-देना नहीं है। वर्दी खरीदने के लिए अभिभावकों को बाध्य न किया जाए। अगर ऐसा हो रहा है तो वह नियमों के विरुद्ध है। शिकायत मिलते ही स्कूल प्रबंधन के विरुद्ध कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने कहा कि सभी स्कूल प्रबंधकों को यह आदेश जारी किए गए हैं कि वर्दी की खरीद से स्वयं को दूर रखें और अभिभावकों को स्वेच्छा से ही वर्दी खरीदने की छूट दें।
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