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रेणुका झील में देवताओं को करवाया शाही स्नान
ब्यूरो/अमर उजाला, नाहन
Updated Fri, 28 Apr 2017 11:56 PM IST
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भगवान परशुराम की जन्मभूमि रेणुका जी में परशुराम जयंती समारोह श्रद्धा व उल्लास के साथ मनाया गया। इसमें हजारों श्रद्धालुओं ने शिरकत कर भगवान परशुराम का आशीर्वाद प्राप्त किया। इस दौरान रेणुका विकास बोर्ड के सौजन्य से मंदिर परिसर में हवन यज्ञ का आयोजन किया गया।
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इसमें बोर्ड के अध्यक्ष व सीपीएस विनय कुमार, उपायुक्त बीसी बडालिया, डीपीआरओ बाबूराम चौहान, तहसीलदार चेतन चौहान, रेणुका डैम के जीएम श्याम लाल डोगरा, डीजीएम देशराज शर्मा, सीईओ रविंद्र गुप्ता, मित्र सिंह तोमर, श्यामा ठाकुर, शकुंतला देवी व कुरूक्षेत्र जिला से आए आर्य समाज के महामंत्री सुभाष चंद कंसल सहित सैकड़ों श्रद्धालुओं ने हवन यज्ञ में पूर्णाहुति की।
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सीपीएस विनय कुमार ने क्षेत्र के सभी लोगों व श्रद्धालुओं को परशुराम जयंती पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि इस साल भगवान परशुराम मंदिर को भव्य व आकर्षक रूप दिया गया है। इससे पूर्व ब्रह्ममुहूर्त में रेणुका आए सभी देवताओं को रेणुका झील में शाही स्नान करवा कर झील की परिक्रमा करवाई गई। उसके बाद सभी श्रद्धालुओं ने रेणुका झील में स्नान कर मोक्ष की कामना की। इस अवसर पर तीर्थ के मंदिर परिसर व निर्वाण आश्रम में विशाल भंडारे का आयोजन किया गया जिसमें हजारों श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया।
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इस वर्ष धारटीधार क्षेत्र के आराध्य देव फागड़ देवता भी रेणुका जी में अपनी हाजिरी भरी। धारटीधार क्षेत्र के सैकड़ों लोग अपने आराध्य देव को रेणुका स्नान करवाने के लिए लेकर आए, जहां उन्होंने मंदिर परिसर में रात्रि जागरण कर भगवान परशुराम का गुनगान किया। ग्रामीण शुक्रवार की सुबह अपने देवता को दोबारा मंदिर की ओर लेकर रवाना हो गए।
किसानों ने भगवान परशुराम को उनकी जयंती पर सत्तू का भोग लगाया। किसान अपने घरों से ही विशेष रूप से तैयार किए गए सत्तू उनके लिए लेकर आए थे। ग्रामीण हर वर्ष नई गेहूं से पहले देवता को भोग लगाते हैं उसके बाद ही वह खुद सेवन करते हैं।