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गिरिपार क्षेत्र की 10 पंचायतों का स्वास्थ्य रामभरोसे
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सतौन (सिरमौर)। गिरिपार क्षेत्र की प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सतौन (पीएचसी) से चिकित्सक के स्थानांतरण से 10 पंचायतों के ग्रामीणों का स्वास्थ्य राम भरोसे हो गया है। यहां तैनात चिकित्सक को शिलाई अस्पताल के लिए स्थानांतरित किया गया है। विभाग ने यहां कोई नए चिकित्सक की तैनाती नहीं की है। हालांकि, स्थानांतरण राजनीति तौर पर नहीं, बल्कि उच्च न्यायालय के आदेशों पर हुआ है।
उच्च न्यायालय ने उन तमाम चिकित्सकों को स्थानांतरित किया है जिन्हें एक जगह पर ज्यादा समय हो गया था लेकिन विभाग ने सतौन पीएचसी में उनके स्थान पर किसी अन्य चिकित्सक की तैनाती नहीं की है।
सतौन पीएचसी एक दर्जन पंचायतों का केंद्र बिंदू है। रोजाना सैकड़ों लोग सतौन पीएचसी में स्वास्थ्य लाभ लेने पहुंचते हैं। इस पीएचसी में सतौन के साथ-साथ पोक्का, भजौन, चांदनी, कोडगा, सखोली, कांटी मशवा, कठवार, मालगी, छछेती आदि पंचायतों के सैकड़ों लोग अपने इलाज के लिए आते हैं लेकिन चिकित्सक के तबादले के बाद ग्रामीणों में विभाग के प्रति भारी रोष है।
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सतौन पंचायत की प्रधान ममता देवी, उपप्रधान गुलाब सिंह, पोक्का पंचायत प्रधान सतीश चौहान, भजौन पंचायत प्रधान गुलाब सिंह चौधरी, कांटी मशवा पंचायत प्रधान काहन सिंह आदि ने कहा कि सतौन पीएचसी में चिकित्सक न होने से क्षेत्र के लोगों को स्वास्थ्य सेवाओं से दो-चार होना पड़ रहा है। विभाग को जल्द यहां पर किसी अन्य चिकित्सक की तैनाती करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि विभाग को सतौन में 24 घंटे आपातकाल सेवा की व्यवस्था बनानी चाहिए ताकि रात के समय उन्हें पांवटा न जाना पड़े।
सीएमओ डॉ. संजीव सहगल ने बताया कि फिलहाल डेपुटेशन पर चिकित्सक की तैनाती की जा चुकी है। रेगुलर चिकित्सक सोमवार तक अपनी सेवाएं देगा। पीएचसी को चिकित्सकों के बिना नहीं रखा जाएगा।
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उच्च न्यायालय ने उन तमाम चिकित्सकों को स्थानांतरित किया है जिन्हें एक जगह पर ज्यादा समय हो गया था लेकिन विभाग ने सतौन पीएचसी में उनके स्थान पर किसी अन्य चिकित्सक की तैनाती नहीं की है।
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सतौन पीएचसी एक दर्जन पंचायतों का केंद्र बिंदू है। रोजाना सैकड़ों लोग सतौन पीएचसी में स्वास्थ्य लाभ लेने पहुंचते हैं। इस पीएचसी में सतौन के साथ-साथ पोक्का, भजौन, चांदनी, कोडगा, सखोली, कांटी मशवा, कठवार, मालगी, छछेती आदि पंचायतों के सैकड़ों लोग अपने इलाज के लिए आते हैं लेकिन चिकित्सक के तबादले के बाद ग्रामीणों में विभाग के प्रति भारी रोष है।
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सतौन पंचायत की प्रधान ममता देवी, उपप्रधान गुलाब सिंह, पोक्का पंचायत प्रधान सतीश चौहान, भजौन पंचायत प्रधान गुलाब सिंह चौधरी, कांटी मशवा पंचायत प्रधान काहन सिंह आदि ने कहा कि सतौन पीएचसी में चिकित्सक न होने से क्षेत्र के लोगों को स्वास्थ्य सेवाओं से दो-चार होना पड़ रहा है। विभाग को जल्द यहां पर किसी अन्य चिकित्सक की तैनाती करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि विभाग को सतौन में 24 घंटे आपातकाल सेवा की व्यवस्था बनानी चाहिए ताकि रात के समय उन्हें पांवटा न जाना पड़े।
सीएमओ डॉ. संजीव सहगल ने बताया कि फिलहाल डेपुटेशन पर चिकित्सक की तैनाती की जा चुकी है। रेगुलर चिकित्सक सोमवार तक अपनी सेवाएं देगा। पीएचसी को चिकित्सकों के बिना नहीं रखा जाएगा।
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