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ग्रामीण विद्या उपासकों को मिले पुरानी पेंशन योजना का लाभ
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नाहन में विद्या उपासकों की जिला स्तरीय बैठक में मौजूद सदस्य।
- फोटो : NAHAN
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नाहन (सिरमौर)। ग्रामीण विद्या उपासक नियमित जेबीटी अध्यापक संघ की जिला स्तरीय बैठक जिला अध्यक्ष मायाराम शर्मा की अध्यक्षता में हुई। इस बैठक में जिला के सभी शिक्षा खंडों के अध्यापकों ने भाग लिया। बैठक में ग्रामीण विद्या उपासकों ने मुख्यमंत्री से विद्या उपासकों को पुरानी पेंशन का लाभ देने की मांग की।
जिलाध्यक्ष मायाराम शर्मा ने बताया कि ग्रामीण विद्या उपासकों की नियुक्ति 2002 में भाजपा सरकार के कार्यकाल में हुई थी और वर्ष 2011 में पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल की सरकार में विद्या उपासकों को नियमित किया गया। मायाराम शर्मा ने कहा कि केंद्र सरकार और माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के अनुसार 15 मई 2003 से पहले किसी भी विभाग में स्थायी और अस्थायी तौर पर नियुक्त कर्मचारी पुरानी पेंशन का हकदार है। इसलिए ग्रामीण विद्या उपासकों के साथ भेदभाव नहीं होना चाहिए और उन्हें पुरानी पेंशन का लाभ मिलना चाहिए।
बैठक में अनिल तोमर, रंगीलाल, जयप्रकाश शर्मा, नारायण दत्त शर्मा, जब्बर सिंह, चतर सिंह, रामलाल शर्मा, प्रदीप चौहान, दौलत राम, आशा देवी, शर्मिला देवी, रीता देवी, नीलम देवी, नारदा देवी, बीना कंवर आदि विद्या उपासक मौजूद रहे।
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जिलाध्यक्ष मायाराम शर्मा ने बताया कि ग्रामीण विद्या उपासकों की नियुक्ति 2002 में भाजपा सरकार के कार्यकाल में हुई थी और वर्ष 2011 में पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल की सरकार में विद्या उपासकों को नियमित किया गया। मायाराम शर्मा ने कहा कि केंद्र सरकार और माननीय सर्वोच्च न्यायालय के आदेश के अनुसार 15 मई 2003 से पहले किसी भी विभाग में स्थायी और अस्थायी तौर पर नियुक्त कर्मचारी पुरानी पेंशन का हकदार है। इसलिए ग्रामीण विद्या उपासकों के साथ भेदभाव नहीं होना चाहिए और उन्हें पुरानी पेंशन का लाभ मिलना चाहिए।
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बैठक में अनिल तोमर, रंगीलाल, जयप्रकाश शर्मा, नारायण दत्त शर्मा, जब्बर सिंह, चतर सिंह, रामलाल शर्मा, प्रदीप चौहान, दौलत राम, आशा देवी, शर्मिला देवी, रीता देवी, नीलम देवी, नारदा देवी, बीना कंवर आदि विद्या उपासक मौजूद रहे।
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