{"_id":"5aca26794f1c1b526b8b464b","slug":"31523197561-sirmour-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रदेश में आशा वर्करों के लिए बने ठोस नीति: सुभाष शर्मा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रदेश में आशा वर्करों के लिए बने ठोस नीति: सुभाष शर्मा
Updated Sun, 08 Apr 2018 07:56 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
प्रदेश में आशा वर्करों के लिए बने ठोस नीति: सुभाष शर्मा
पांवटा साहिब में आशा वर्कर यूनियन की बैठक आयोजित
अमर उजाला ब्यूरो
पांवटा साहिब (सिरमौर)।
इंटक जिलाध्यक्ष सुभाष शर्मा ने कहा कि प्रदेश में कार्यरत वर्कर्स के लिए ठोस नीति बनाई जाए। इन वर्करों को उचित मानदेय प्रदान किया जाए जिससे अपने परिवार का पालन पोषण कर सकें। इंटक जिलाध्यक्ष रविवार को पांवटा आशा वर्कर यूनियन की बैठक में बतौर विशेष अतिथि संबोधित कर रहे थे।
रविवार को लोक निर्माण विश्राम गृह पांवटा आशा वर्कर यूनियन की बैठक हुई जिसकी अध्यक्षता पांवटा इकाई की प्रधान राजबाला ने की। बैठक में कहा गया कि प्रदेश के दुर्गम क्षेत्रों में आशा वर्कर अपनी सेवाएं दे रही हैं। इसलिए सरकार नियमित करने के लिये कोई ठोस नीति बनाए। हरियाणा सरकार की तर्ज पर मासिक वेतन 4000 रुपये व अन्य लाभ हरियाणा सरकार की तर्ज पर दें। आशा वर्करों ने हर माह मानदेय भुगतान की आवाज उठाई।
अध्यक्ष ने कहा कि सिविल अस्पताल में अल्ट्रासाउंड मशीन है, लेकिन रिक्त पदों के चलते गर्भवती महिलाओं को निशुल्क टेस्ट करवाने की सुविधा नहीं मिल रही जिससे निजी क्लीनिक में मजबूरन जाना पड़ रहा है। डॉक्टर की व्यवस्था की जानी चाहिए। बैठक में मांग उठाई गई कि सिविल अस्पताल में लैब टेस्ट कराने का समय साढ़े 12 बजे दोपहर के स्थान पर डेढ़ बजे हो। परिवार नियोजन ऑप्रेशन समय 3 बजे की बजाए 11 बजे रखा जाए।
विज्ञापन
इस अवसर पर राजबाला, मीरा, जीत कौर, सीमा सरीन, रीना, मलकीत कौर, स्वर्णा, श्यामा, राजरानी, मीरा, ममता, कंचन, अनिता, किरण, कनीज फातमा, बिंदू, प्रेम सुधा, बबली, मंजूबाला, सुनीता, कमलेश, निर्मला, शबाना व रेखा समेत आशा वर्कर्स यूनियन सदस्य मौजूद रहीं।
----------
......सुरेश
पांवटा साहिब में आशा वर्कर यूनियन की बैठक आयोजित
अमर उजाला ब्यूरो
पांवटा साहिब (सिरमौर)।
इंटक जिलाध्यक्ष सुभाष शर्मा ने कहा कि प्रदेश में कार्यरत वर्कर्स के लिए ठोस नीति बनाई जाए। इन वर्करों को उचित मानदेय प्रदान किया जाए जिससे अपने परिवार का पालन पोषण कर सकें। इंटक जिलाध्यक्ष रविवार को पांवटा आशा वर्कर यूनियन की बैठक में बतौर विशेष अतिथि संबोधित कर रहे थे।
रविवार को लोक निर्माण विश्राम गृह पांवटा आशा वर्कर यूनियन की बैठक हुई जिसकी अध्यक्षता पांवटा इकाई की प्रधान राजबाला ने की। बैठक में कहा गया कि प्रदेश के दुर्गम क्षेत्रों में आशा वर्कर अपनी सेवाएं दे रही हैं। इसलिए सरकार नियमित करने के लिये कोई ठोस नीति बनाए। हरियाणा सरकार की तर्ज पर मासिक वेतन 4000 रुपये व अन्य लाभ हरियाणा सरकार की तर्ज पर दें। आशा वर्करों ने हर माह मानदेय भुगतान की आवाज उठाई।
विज्ञापन
अध्यक्ष ने कहा कि सिविल अस्पताल में अल्ट्रासाउंड मशीन है, लेकिन रिक्त पदों के चलते गर्भवती महिलाओं को निशुल्क टेस्ट करवाने की सुविधा नहीं मिल रही जिससे निजी क्लीनिक में मजबूरन जाना पड़ रहा है। डॉक्टर की व्यवस्था की जानी चाहिए। बैठक में मांग उठाई गई कि सिविल अस्पताल में लैब टेस्ट कराने का समय साढ़े 12 बजे दोपहर के स्थान पर डेढ़ बजे हो। परिवार नियोजन ऑप्रेशन समय 3 बजे की बजाए 11 बजे रखा जाए।
विज्ञापन
इस अवसर पर राजबाला, मीरा, जीत कौर, सीमा सरीन, रीना, मलकीत कौर, स्वर्णा, श्यामा, राजरानी, मीरा, ममता, कंचन, अनिता, किरण, कनीज फातमा, बिंदू, प्रेम सुधा, बबली, मंजूबाला, सुनीता, कमलेश, निर्मला, शबाना व रेखा समेत आशा वर्कर्स यूनियन सदस्य मौजूद रहीं।
----------
......सुरेश