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Rampur Bushahar News: लंबित मांगों को लेकर बायल में कागमारों का प्रदर्शन
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परियोजना के खिलाफ मजदूरों का फूटा गुस्सा, चेतावनी दी-जल्द मांगें पूरी नहीं की तो परियोजना का कार्य करेंगे ठप
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। लंबित मांगों को लेकर कामगारों ने बायल में परियोजना के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। बीते लंबे समय से मांगें पूरी न होने के कारण मंगलवार को मजूदरों का गुस्सा फूटा। रामपुर हाइड्रो पॉवर स्टेशन कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन 412 मेगावाट ने 11 सूत्रीय मांग पत्र पर हुए समझौते को लागू न करने, काम के आधार पर पद न देने, अनुचित श्रम व्यवहार और प्रबंधन के मजदूर विरोधी रवैये के खिलाफ बायल में रोष जताया। यूनियन अध्यक्ष आनंद मेहता और यूनियन महासचिव नीलदत्त शर्मा ने कहा कि यूनियन ने सतलुज जल विद्युत निगम प्रबंधन को 19 जून, 2023 को मांग पत्र दिया था, जिसमें प्रमुख मांगे परियोजना में काम कर रहे मजदूरों के लिए पदोन्नति नीति, सामूहिक बीमा, काम के आधार पर पद, वर्दी भत्ता, वर्दी धुलाई भत्ता, यात्रा भत्ता में बढ़ोतरी, दत्तनगर कॉलोनी साइट में कैंटीन, रोगी वाहन, शिफ्ट में काम कर रहे मजदूरों को शिफ्ट गाड़ी, कुशवा, खरगा, तुनन और पोशना सहित अन्य पंचायत से आ रहे मजदूरों के लिए जगातखाना होकर बस चलाने आदि मुख्य मांगें थीं।
इस पर प्रबंधन और यूनियन के बीच 25 नवंबर, 2023 को लिखित समझौता भी हुआ, जिसमें प्रबंधन ने सभी मांगों को माना था, लेकिन उन्हें लागू नहीं किया गया। अभी भी यूनियन की 5 मांगें लंबित हैं। जब बार-बार यूनियन ने समझौते को लागू करने के लिए प्रबंधन को कहा तो प्रबंधन की ओर से मजदूरों की बातों को नजर अंदाज कर दिया गया।
समझौते को लागू करने के बारे में यूनियन ने 6 अप्रैल, 2024 को प्रबंधन को लिखित पत्र दिया था, जिस पर प्रबंधन ने कोई उचित बातचीत नहीं की है। जब मजदूरों की ओर से समझौते को लागू करने के लिए प्रदर्शन किया जा रहा है तो प्रोजेक्ट प्रबंधन की ओर से मजदूरों के साथ अनुचित श्रम व्यवहार किया जा रहा है। मजदूरों को चिह्नित करके प्रताड़ित करने का काम किया जा रहा है। मजदूरों को परेशान करने के लिए प्रबंधन की ओर से ठेकेदारों पर दबाव बनाकर गैर कानूनी हथकंडे अपना कर मजदूरों को डराने धमकाने का काम एसजेवीएनएल 412 मेगावाट प्रबंधन कर रहा है। यूनियन ने प्रबंधन को चेतावनी दी है कि यदि मजदूरों को प्रताडि़त करना बंद न किया और यूनियन की मांगों पर बातचीत करके निष्कर्ष नहीं निकला तो आगामी समय में प्रोजेक्ट का काम पूर्ण रूप से बंद करके आंदोलन उग्र किया जाएगा।
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इस मौके पर दुर्भासानंद, राजकुमार, योगराज, तिलक, रविंद्र, हेमराज, रमेश, संजीव, श्रवण, नेक राम, भूपेंद्र, इंद्रपाल, सुरजीत, भूप बिष्ट और सुख राम सहित कई अन्य मौजूद रहे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। लंबित मांगों को लेकर कामगारों ने बायल में परियोजना के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। बीते लंबे समय से मांगें पूरी न होने के कारण मंगलवार को मजूदरों का गुस्सा फूटा। रामपुर हाइड्रो पॉवर स्टेशन कॉन्ट्रैक्ट वर्कर्स यूनियन 412 मेगावाट ने 11 सूत्रीय मांग पत्र पर हुए समझौते को लागू न करने, काम के आधार पर पद न देने, अनुचित श्रम व्यवहार और प्रबंधन के मजदूर विरोधी रवैये के खिलाफ बायल में रोष जताया। यूनियन अध्यक्ष आनंद मेहता और यूनियन महासचिव नीलदत्त शर्मा ने कहा कि यूनियन ने सतलुज जल विद्युत निगम प्रबंधन को 19 जून, 2023 को मांग पत्र दिया था, जिसमें प्रमुख मांगे परियोजना में काम कर रहे मजदूरों के लिए पदोन्नति नीति, सामूहिक बीमा, काम के आधार पर पद, वर्दी भत्ता, वर्दी धुलाई भत्ता, यात्रा भत्ता में बढ़ोतरी, दत्तनगर कॉलोनी साइट में कैंटीन, रोगी वाहन, शिफ्ट में काम कर रहे मजदूरों को शिफ्ट गाड़ी, कुशवा, खरगा, तुनन और पोशना सहित अन्य पंचायत से आ रहे मजदूरों के लिए जगातखाना होकर बस चलाने आदि मुख्य मांगें थीं।
इस पर प्रबंधन और यूनियन के बीच 25 नवंबर, 2023 को लिखित समझौता भी हुआ, जिसमें प्रबंधन ने सभी मांगों को माना था, लेकिन उन्हें लागू नहीं किया गया। अभी भी यूनियन की 5 मांगें लंबित हैं। जब बार-बार यूनियन ने समझौते को लागू करने के लिए प्रबंधन को कहा तो प्रबंधन की ओर से मजदूरों की बातों को नजर अंदाज कर दिया गया।
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समझौते को लागू करने के बारे में यूनियन ने 6 अप्रैल, 2024 को प्रबंधन को लिखित पत्र दिया था, जिस पर प्रबंधन ने कोई उचित बातचीत नहीं की है। जब मजदूरों की ओर से समझौते को लागू करने के लिए प्रदर्शन किया जा रहा है तो प्रोजेक्ट प्रबंधन की ओर से मजदूरों के साथ अनुचित श्रम व्यवहार किया जा रहा है। मजदूरों को चिह्नित करके प्रताड़ित करने का काम किया जा रहा है। मजदूरों को परेशान करने के लिए प्रबंधन की ओर से ठेकेदारों पर दबाव बनाकर गैर कानूनी हथकंडे अपना कर मजदूरों को डराने धमकाने का काम एसजेवीएनएल 412 मेगावाट प्रबंधन कर रहा है। यूनियन ने प्रबंधन को चेतावनी दी है कि यदि मजदूरों को प्रताडि़त करना बंद न किया और यूनियन की मांगों पर बातचीत करके निष्कर्ष नहीं निकला तो आगामी समय में प्रोजेक्ट का काम पूर्ण रूप से बंद करके आंदोलन उग्र किया जाएगा।
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इस मौके पर दुर्भासानंद, राजकुमार, योगराज, तिलक, रविंद्र, हेमराज, रमेश, संजीव, श्रवण, नेक राम, भूपेंद्र, इंद्रपाल, सुरजीत, भूप बिष्ट और सुख राम सहित कई अन्य मौजूद रहे।