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रथ यात्रा तो निकली, लेकिन नहीं जला रावण का पुतला
Updated Fri, 19 Oct 2018 10:16 PM IST
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रामपुर में इस बार भी नहीं
हो पाया रावण का दहन
रामपुर बुशहर। रामपुर में विजय दशमी पर रघुनाथ जी की रथयात्रा तो निकली, लेकिन अच्छाई पर बुराई का प्रतीक रावण दहन नहीं हो पाया। वर्षों से रामपुर के पद्म वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के मैदान में रावण का पुतला जलाया जाता था, लेकिन कोर्ट के आदेशों के बाद इस बार रामपुर शहर के लोगों और बच्चों को रावण दहन के दृश्य से वंचित रहना पड़ा।
रामपुर छात्र स्कूल में बीते पांच दशकों से रामलीला का मंचन होता रहा है, लेकिन बीते दो वर्षों से कोर्ट के आदेशों के कारण न तो रामपुर में रामलीला का मंचन हो पाया है और न ही विजयी दशमी पर रावन का पुतला जला है। शुक्रवार शाम को सैकड़ों राम भक्तों ने पुराना बस अड्डा से लेकर शहर भर में रघुनाथ जी की रथ यात्रा निकाली गई। जय श्रीराम के नाम से समूचा शहर गुंजायमान हो गया।
वहीं कोटगढ़ में बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक दशहरा पर्व धूमधाम से मनाया गया। स्थानीय विधायक राकेश सिंघा ने इस दौरान आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। यहां अभिमान और बुराई का प्रतीक रावण का पुतला जलाया गया। विजय दशमी पर्व के विषय में मान्यता है कि अश्विन मास की दशमी को ही भगवान राम ने अहंकारी रावण का वध किया था। इस मौके पर जिला परिषद सदस्य जरोल वार्ड रीना ठाकुर, पूर्व बीडीसी अध्यक्ष मीरा शर्मा, प्रधान कोटगढ़ कैलाश, प्रधान मैलन नेहा, उप प्रधान राजेंद्र भैक, अजय सैन, विजय लीला, बबली, सुनीता, डॉ. महेश, सतीश सिंघा और बिमला सिंघा सहित अन्य मौजूद रहे।
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हो पाया रावण का दहन
रामपुर बुशहर। रामपुर में विजय दशमी पर रघुनाथ जी की रथयात्रा तो निकली, लेकिन अच्छाई पर बुराई का प्रतीक रावण दहन नहीं हो पाया। वर्षों से रामपुर के पद्म वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के मैदान में रावण का पुतला जलाया जाता था, लेकिन कोर्ट के आदेशों के बाद इस बार रामपुर शहर के लोगों और बच्चों को रावण दहन के दृश्य से वंचित रहना पड़ा।
रामपुर छात्र स्कूल में बीते पांच दशकों से रामलीला का मंचन होता रहा है, लेकिन बीते दो वर्षों से कोर्ट के आदेशों के कारण न तो रामपुर में रामलीला का मंचन हो पाया है और न ही विजयी दशमी पर रावन का पुतला जला है। शुक्रवार शाम को सैकड़ों राम भक्तों ने पुराना बस अड्डा से लेकर शहर भर में रघुनाथ जी की रथ यात्रा निकाली गई। जय श्रीराम के नाम से समूचा शहर गुंजायमान हो गया।
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वहीं कोटगढ़ में बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक दशहरा पर्व धूमधाम से मनाया गया। स्थानीय विधायक राकेश सिंघा ने इस दौरान आयोजित कार्यक्रम में बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। यहां अभिमान और बुराई का प्रतीक रावण का पुतला जलाया गया। विजय दशमी पर्व के विषय में मान्यता है कि अश्विन मास की दशमी को ही भगवान राम ने अहंकारी रावण का वध किया था। इस मौके पर जिला परिषद सदस्य जरोल वार्ड रीना ठाकुर, पूर्व बीडीसी अध्यक्ष मीरा शर्मा, प्रधान कोटगढ़ कैलाश, प्रधान मैलन नेहा, उप प्रधान राजेंद्र भैक, अजय सैन, विजय लीला, बबली, सुनीता, डॉ. महेश, सतीश सिंघा और बिमला सिंघा सहित अन्य मौजूद रहे।
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