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सेब की ढुलाई करने वाहन चालकों ने किए खड़े हाथ
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मनाली (कुल्लू)। जिला कुल्लू के पतलीकूहल, रायसन और नग्गर में कोरोना के लगातार मामले आने पर कुल्लू के बागवानों को चिंता में डाल दिया है। सेब सीजन के मौके पर कोरोना मामले आने से बागवानों को अपनी तैयार सेब की फसल को बेचने की चिंता सता रही है। साथ ही वाहन चालक भी सब्जी मंडियों में जाने से कतराने लगे हैं।
बागवानों का कहना है कि वे अपने उत्पाद को किन मंडियों में बेचे, इसको लेकर असमंजस में हैं। घाटी के बागवान भागवत काईस्था, ओम प्रकाश, अशोक ठाकुर, राम लाल, दलीप, जीवन, मेहर सिंह, नरोत्तम सिंह, गोविंद सिंह, मीने राम, सोहन लाल और रमेश ठाकुर ने कहा कि देश के भिन्न-भिन्न प्रदेशों से सेब के खरीददार और मजदूर स्थानीय मंडियों में काम के लिए पहुंच रहे। लेकिन वे कोरोना पॉजिटिव निकल रहे हैं, इससे बागवानों को परेशानी हो रही है। मंडियों में सामाजिक दूरी का पालन भी नहीं किया जा रहा है। सेब को मंडियों तक ले जाने वाले वाहन चालक भी अब मंडियों में जाने से कतराने लगे हैं। चालक अर्जन पाल, नवीन, चुनी लाल तथा संजीव ने कहा कि वे रोज सेब को मंडियों में ले जा रहे हैं। लेकिन जिस तरह से पिछले तीन दिनों से सेब सीजन को आए कामगार संक्रमित निकले हैं, उससे उनको भी जाने में डर लग रहा है। इस हालत में खुश और अपने परिजनों को खतरे में नहीं डालना चाहते हैं।
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बागवानों का कहना है कि वे अपने उत्पाद को किन मंडियों में बेचे, इसको लेकर असमंजस में हैं। घाटी के बागवान भागवत काईस्था, ओम प्रकाश, अशोक ठाकुर, राम लाल, दलीप, जीवन, मेहर सिंह, नरोत्तम सिंह, गोविंद सिंह, मीने राम, सोहन लाल और रमेश ठाकुर ने कहा कि देश के भिन्न-भिन्न प्रदेशों से सेब के खरीददार और मजदूर स्थानीय मंडियों में काम के लिए पहुंच रहे। लेकिन वे कोरोना पॉजिटिव निकल रहे हैं, इससे बागवानों को परेशानी हो रही है। मंडियों में सामाजिक दूरी का पालन भी नहीं किया जा रहा है। सेब को मंडियों तक ले जाने वाले वाहन चालक भी अब मंडियों में जाने से कतराने लगे हैं। चालक अर्जन पाल, नवीन, चुनी लाल तथा संजीव ने कहा कि वे रोज सेब को मंडियों में ले जा रहे हैं। लेकिन जिस तरह से पिछले तीन दिनों से सेब सीजन को आए कामगार संक्रमित निकले हैं, उससे उनको भी जाने में डर लग रहा है। इस हालत में खुश और अपने परिजनों को खतरे में नहीं डालना चाहते हैं।
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