सैंज (कुल्लू)। सर्दियों में इस बार बारिश और बर्फबारी न होने से घाटी के बागवान और किसान चिंतित हो गए हैं। बागवानों को अपने बगीचों में सेब, प्लम, नाशपाती और अनार के पौधों के मुरझाने की आशंका है। वहीं, खेतों में नमी काफी कम हो गई है। ऐसे में सेब पौधों में पर्याप्त नमी बरकरार रहे इसके लिए बागवानों ने बगीचों में पानी डालना शुरू कर दिया है। आगामी फसल को लेकर घाटी के बागवान चिंतित हैं। बागवान राम लाल, किशन चंद, खीमी राम, रामदेव, नरोत्तम सिंह, लालदास, किशोरी लाल, शेर सिंह, राजकुमार, नरेश कुमार, रामसरन, दिले राम, सेस राम, दुनी चंद, खेम राज, ओम दत्त, निमत राम, लीलाधर, रोशन लाल, रमेश कुमार, प्रमोद कुमार, तुलसी राम, नरेंद्र कुमार, मनोज कुमार आदि ने कहा कि काफी समय से बारिश और बर्फबारी न होने से किसानों तथा बागबानों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सेब बगीचों में नमी को बनाए रखने के लिए पौधों को पानी देना पड़ रहा है। अगर मौसम का रुख फरवरी माह में भी ऐसा ही रहा तो किसान बागवानों को आगामी फसल से हाथ भी धोना पड़ सकता है।