{"_id":"5bb4c28e867a554f1545bfbe","slug":"141538572942-kullu-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"लोकनृत्य दलों के लिए होगी नृत्य प्रतियोगिता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
लोकनृत्य दलों के लिए होगी नृत्य प्रतियोगिता
Updated Wed, 03 Oct 2018 06:52 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
कुल्लू। अंतर्राष्ट्रीय कुल्लू दशहरा उत्सव में इस बार भी लोकनृत्य दलों की लोकनृत्य प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है। समिति की ओर से दशहरा उत्सव के दौरान 20 से 23 अक्तूबर तक लाल चंद प्रार्थी कलाकेंद्र में होने वाली स्पर्धा में कुल्लू जिला के लोकनृत्य दल भाग लेंगे। प्रतियोगिता उपरोक्त दिनों में रोज सुबह 11 बजे से आरंभ होगी।
प्रतियोगिता में भाग लेने वाले लोकनृत्य दलों में नर्तकों की संख्या 20 से अधिक नहीं होगी। इसमें गायक, वादक व नर्तक ही शामिल होंगे। पांच दिनों तक चलने वाली लोक नृत्य प्रतियोगिता में हर दल को दस से पंद्रह मिनट का समय दिया जाएगा। प्रतियोगिता में पारंपरिक नृत्य, गीत एवं वादन ही प्रस्तुत किया जाएगा तथा संबंधित दल केवल अपने ही क्षेत्र में प्रचलित नृत्य, गीत एवं संगीत प्रस्तुत कर सकेंगे। जिला भाषा अधिकारी रेवती सैनी ने कहा कि स्पर्धा में विभिन्न क्षेत्रों का मिलाजुला लोक नृत्य, गायक दल व वादक दल भाग नहीं ले सकेगा। इसके अलावा लोकनृत्य दलों की ओर से परंपरागत वाद्य यंत्रों का प्रयोग ही किया जाएगा और इसके लिए परिधान एवं आभूषण परंपरागत एवं मूल होने चाहिए। प्रतियोगिता में निर्णायक मंडल की ओर से लिया गया निर्णय अंतिम व सर्वमान्य होगा। उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय तथा तृतीय स्थान पर रहने वाले दलों को दशहरा समिति कुल्लू की ओर से इनाम राशि एवं ट्रॉफी प्रदान की जाएगी। ऐसे में इसमें भाग लेने के इच्छुक लोकनृत्य दल 15 अक्तूबर से पहले जिला भाषा अधिकारी कार्यालय कुल्लू में अपना नाम दर्ज करवा सकते हैं।
विज्ञापन
कुल्लू। अंतर्राष्ट्रीय कुल्लू दशहरा उत्सव में इस बार भी लोकनृत्य दलों की लोकनृत्य प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है। समिति की ओर से दशहरा उत्सव के दौरान 20 से 23 अक्तूबर तक लाल चंद प्रार्थी कलाकेंद्र में होने वाली स्पर्धा में कुल्लू जिला के लोकनृत्य दल भाग लेंगे। प्रतियोगिता उपरोक्त दिनों में रोज सुबह 11 बजे से आरंभ होगी।
प्रतियोगिता में भाग लेने वाले लोकनृत्य दलों में नर्तकों की संख्या 20 से अधिक नहीं होगी। इसमें गायक, वादक व नर्तक ही शामिल होंगे। पांच दिनों तक चलने वाली लोक नृत्य प्रतियोगिता में हर दल को दस से पंद्रह मिनट का समय दिया जाएगा। प्रतियोगिता में पारंपरिक नृत्य, गीत एवं वादन ही प्रस्तुत किया जाएगा तथा संबंधित दल केवल अपने ही क्षेत्र में प्रचलित नृत्य, गीत एवं संगीत प्रस्तुत कर सकेंगे। जिला भाषा अधिकारी रेवती सैनी ने कहा कि स्पर्धा में विभिन्न क्षेत्रों का मिलाजुला लोक नृत्य, गायक दल व वादक दल भाग नहीं ले सकेगा। इसके अलावा लोकनृत्य दलों की ओर से परंपरागत वाद्य यंत्रों का प्रयोग ही किया जाएगा और इसके लिए परिधान एवं आभूषण परंपरागत एवं मूल होने चाहिए। प्रतियोगिता में निर्णायक मंडल की ओर से लिया गया निर्णय अंतिम व सर्वमान्य होगा। उन्होंने कहा कि प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय तथा तृतीय स्थान पर रहने वाले दलों को दशहरा समिति कुल्लू की ओर से इनाम राशि एवं ट्रॉफी प्रदान की जाएगी। ऐसे में इसमें भाग लेने के इच्छुक लोकनृत्य दल 15 अक्तूबर से पहले जिला भाषा अधिकारी कार्यालय कुल्लू में अपना नाम दर्ज करवा सकते हैं।
विज्ञापन