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पालमपुर में तूफान से लाखों रूपये की संपति का नुकसान
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पालमपुर नगर निगम कार्यालय के पास बिजली ठीक करते कर्मचारी। संवाद
- फोटो : Kangra
पालमपुर (कांगड़ा)। पालमपुर में सोमवार शाम को अंधड़ ने तबाही मचा दी। इस दौरान 42 पेड़ आंधी मार न सह सके और धराशायी हो गए। वहीं बिजली के 17 पोल गिर गए। इससे करीब 26 लाख 15 हजार रुपये रुपये का नुकसान हुआ है। सबसे अधिक नुकसान पालमपुर शहरी क्षेत्र में हुआ है, जहां सरकारी व निजी भवनों को दस लाख 50 हजार रुपये का नुकसान आंका गया है।
जानकारी के मुताबिक सबसे ज्यादा नुकसान बिजली बोर्ड को हुआ है। हालांकि सड़कों पर गिरे पेड़ों को हटाकर यातायात बहाल कर दिया गया है, लेकिन बिजली की लाइनों को ठीक करने में जगह-जगह कर्मचारी लगे हुए हैं। पालमपुर शहर में 27 घंटे बाद मंगलवार शाम करीब साढ़े छह बजे बिजली बहाल होने से लोगों ने राहत की सांस ली।
मंगलवार शाम तक पालमपुर में कई सरकारी व निजी भवनों पर गिरे पेड़ों को हटा लिया गया है। नगर निगम पालमपुर के कार्यालय को जाने वाले मुख्य रास्ते को मंगलवार शाम तक भी नहीं खोला जा सका। वहीं नगर निगम दफ्तर के बाहर अभी भी पेड़ों के नीचे कई गाड़ियां दबी हैं। बिजली बोर्ड के एसडीओ अनिल धीमान ने कहा कि बिजली बोर्ड को करीब 20 से 25 लाख रुपये का नुकसान हो गया है। उन्होंने बताया कि तेज आंधी के कारण करीब 17 पोल टूट गए हैं। जबकि पालमपुर फीडर की मुख्य लाइन समेत अन्य कई लाइनें टूट गई हैं। इन्हें ठीक करने में कर्मी लगे हुए हैं। वहीं, एसडीएम डॉ. अमित गुलेरिया ने कहा कि पालमपुर क्षेत्र में 42 पेड़ और बिजली के 17 पोल भी गिरे हैं।
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टांडा में पांच घरों को करीब ढाई लाख रुपये के नुकसान का आकलन है। क्षेत्र में कुल 20 भवनों को क्षति पहुंचने की सूचना है। इनमें बिंद्रावन में छह लाख और चचियां में दो लाख रुपये की क्षति हुई है। चौकी में डेढ़ लाख, बनूरी में एक लाख, चंदपुर, बंदला और आईमा में 50-50 हजार, कंडी में 55 हजार के साथ कंडबाड़ी और बगौड़ा में 30-30 हजार रुपये के नुकसान का आकलन हुआ है।
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जानकारी के मुताबिक सबसे ज्यादा नुकसान बिजली बोर्ड को हुआ है। हालांकि सड़कों पर गिरे पेड़ों को हटाकर यातायात बहाल कर दिया गया है, लेकिन बिजली की लाइनों को ठीक करने में जगह-जगह कर्मचारी लगे हुए हैं। पालमपुर शहर में 27 घंटे बाद मंगलवार शाम करीब साढ़े छह बजे बिजली बहाल होने से लोगों ने राहत की सांस ली।
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मंगलवार शाम तक पालमपुर में कई सरकारी व निजी भवनों पर गिरे पेड़ों को हटा लिया गया है। नगर निगम पालमपुर के कार्यालय को जाने वाले मुख्य रास्ते को मंगलवार शाम तक भी नहीं खोला जा सका। वहीं नगर निगम दफ्तर के बाहर अभी भी पेड़ों के नीचे कई गाड़ियां दबी हैं। बिजली बोर्ड के एसडीओ अनिल धीमान ने कहा कि बिजली बोर्ड को करीब 20 से 25 लाख रुपये का नुकसान हो गया है। उन्होंने बताया कि तेज आंधी के कारण करीब 17 पोल टूट गए हैं। जबकि पालमपुर फीडर की मुख्य लाइन समेत अन्य कई लाइनें टूट गई हैं। इन्हें ठीक करने में कर्मी लगे हुए हैं। वहीं, एसडीएम डॉ. अमित गुलेरिया ने कहा कि पालमपुर क्षेत्र में 42 पेड़ और बिजली के 17 पोल भी गिरे हैं।
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टांडा में पांच घरों को करीब ढाई लाख रुपये के नुकसान का आकलन है। क्षेत्र में कुल 20 भवनों को क्षति पहुंचने की सूचना है। इनमें बिंद्रावन में छह लाख और चचियां में दो लाख रुपये की क्षति हुई है। चौकी में डेढ़ लाख, बनूरी में एक लाख, चंदपुर, बंदला और आईमा में 50-50 हजार, कंडी में 55 हजार के साथ कंडबाड़ी और बगौड़ा में 30-30 हजार रुपये के नुकसान का आकलन हुआ है।