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Kangra News: विरोध के बीच बिना बिजली मीटर लगाए लौटे अधिकारी

Tue, 10 Feb 2026 05:50 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Tue, 10 Feb 2026 05:50 PM IST
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Amid protests, officials returned without installing electricity meters.
नैहरन पुखर में ग्रामीणों ने की नारेबाजी
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निजी कंपनियों को फायदा पहुंचाने का लगाया आरोप
संवाद न्यूज एजेंसी
देहरागोपीपुर (कांगड़ा)। देहरा उपमंडल के अंतर्गत नैहरन पुखर में बिजली के स्मार्ट मीटर लगाने के साथ ही लोगों को जागरूक करने पहुंची टीम को स्थानीय लोगों के विरोध का सामना करना पड़ा। ग्रामीणों के कड़े तेवरों और नारेबाजी के आगे बेबस होकर बिजली मीटर कंपनी के प्रतिनिधियों और बिजली बोर्ड के अधिकारियों को बैरंग लौटना पड़ा। स्थानीय लोगों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि वे किसी भी सूरत में अपने घरों में स्मार्ट मीटर नहीं लगने देंगे। मंगलवार को जैसे ही कंपनी के प्रतिनिधि और बिजली बोर्ड के अधिकारी नैहरन पुखर में घरों में स्मार्ट मीटर लगाने के लिए पहुंचे तो काफी संख्या में लोग वहां एकत्रित हो गए।

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि स्मार्ट मीटर लगाने की यह पूरी कवायद केवल निजी कंपनियों को फायदा पहुंचाने के लिए की जा रही है। लोग कहते सुने गए कि सरकार बिजली क्षेत्र का निजीकरण करने की राह पर है। इससे आम उपभोक्ता की परेशानी बढ़ना तय है। लोगों का कहना था कि इन मीटरों के लगने के बाद न केवल बिजली के बिलों में बेतहाशा वृद्धि होगी बल्कि गरीब तबके पर आर्थिक बोझ भी बढ़ जाएगा। विरोध के बीच स्मार्ट मीटर बनाने वाली कंपनी के प्रतिनिधि नवीन वशिष्ठ ने मोर्चा संभालते हुए लोगों को समझाने का प्रयास किया। उन्होंने तर्क दिया कि तकनीक में बदलाव समय की मांग है और स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए ही लगाए जा रहे हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि इससे बिजली की सप्लाई पर कोई असर नहीं पड़ेगा और उपभोक्ताओं को पहले की तरह ही निर्बाध बिजली मिलती रहेगी। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने बिजली बोर्ड के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। उनका कहना था कि जब पुराने मीटर सही तरीके से काम कर रहे हैं तो उन पर स्मार्ट मीटर थोपने की क्या जरूरत है। ग्रामीणों ने दो टूक शब्दों में कहा कि वे अपनी जेबों पर अतिरिक्त बोझ और निजी कंपनियों की मनमानी को कतई बर्दाश्त नहीं करेंगे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए टीम को अपना काम बीच में ही छोड़कर वहां से निकलना पड़ा।
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