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नेताओं से मिलने से पहले खड़ा होने की सजा
Updated Wed, 10 Jan 2018 11:41 PM IST
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धर्मशाला। तपोवन विधानसभा परिसर में नेता से मिलने के लिए लोगों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है। पहले जोरावर सिंह स्टेडियम से पैदल सफर करना पड़ रहा है, उसके बाद प्रवेश पास बनाने के लिए दो से तीन घंटे का इंतजार करने के लिए खड़े रहना पड़ रहा है। तपोवन विधानसभा के गेट नंबर-दो से आम लोगों की एंट्री है, लेकिन गेट के बाहर लोगों के बैठने के लिए प्रशासन की ओर से कोई प्रबंधन नहीं किया गया है। सूबे के दूरदराज क्षेत्रों से आए लोगों को अपने नेताओं से मिलने के लिए पहले गाड़ियों में सफर करना पड़ रहा है और उसके बाद प्रवेश पास बनाने के लिए घंटों इंतजार। 11 बजे प्रवेश पास के लिए आवेदन करने पर साढे़ 12 बजे पास मिल रहा है। इसके बाद लोगों को विधानसभा परिसर में जाने का मौका मिल रहा है। इसके अलावा पीने के पानी और खाने के लिए भी इंतजाम नहीं किया गया है, जिससे लोग ढाबे में जाकर खाना खा सकें। लोगों को भूखे खड़े होकर नेताओं से मिलने की सजा मिल रही है।
80 किलोमीटर का सफर
चंबा जिले के भटियात से पहुंचे सत्यपाल ने कहा कि वे 80 किलोमीटर का सफर पर सुबह दस बजे तपोवन पहुंचे। उसके बाद पास के लिए आवेदन किया। लगभग दो घंटे के बाद उन्हें प्रवेश पास मिला।
वोट के लिए जोड़े हाथ, अब मिलने को घंटों इंतजार
हमीरपुर से आई निर्मल देवी, पूनम देवी और सोनू ने कहा कि चुनावों के समय नेताओं ने हाथ जोड़कर उनसे वोट मांगे और अब नेताओं से मिलने के लिए उन्हें घंटों इंतजार करना पड़ा रहा है।
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व्यवस्था के नाम पर कुछ नहीं
मंडी के दामोदर दास और उनके साथ आए शिक्षा विभाग के कर्मचारियों के प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि गेट के बाहर लोगों के लिए बैठने सहित कोई अन्य व्यवस्था नहीं है। उन्हें नेताओं से मिलने के लिए दो घंटे खड़े-खड़े समय बिताना पड़ा।
अंदर भी नहीं बैठने का प्रबंध
पांगी के विशेश्वर सिंह और कैलाश चंद ने कहा कि वे दो दिनों से तपोवन परिसर में किसी काम से आ रहे हैं, लेकिन परिसर के अंदर भी आम लोगों के बैठने के लिए कोई ठोस प्रबंध नहीं किया गया है, लेकिन को खुले में बैठना पड़ रहा है।
गेट नंबर दो के बाहर बनाया मोबाइल शौचालय
खबर छपते हरकत में आया प्रशासन
अमर उजाला में स्वच्छता अभियान की खुली पोल शीर्षक से खबर छपने के बाद तपोवन विधानसभा परिसर के गेट नंबर दो के बाहर प्रशासन ने मोबाइल शौचालय बना दिया। इससे लोगों को खुले में शौच जाने से राहत मिली। इससे पहले महिलाओं और पुरुषों में जंगल में जाकर शौच आदि करना पड़ता था। इससे पहले गेट के बाहर कोई शौचालय की व्यवस्था नहीं की गई थी।
छोटे प्रतिनिधिमंडलों को करना पड़ा ज्यादा इंतजार
तपावेन विधानसभा परिसर में सीएम और मंत्री से मिलने आए छोटे प्रतिनिधिमंडलों को प्रवेश पास बनाने के लिए ज्यादा इंतजार करना पड़ा। कई प्रतिनिधिमंडलों को दोपहर एक बजे तक का समय पास बनाने में ही लग गया।
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80 किलोमीटर का सफर
चंबा जिले के भटियात से पहुंचे सत्यपाल ने कहा कि वे 80 किलोमीटर का सफर पर सुबह दस बजे तपोवन पहुंचे। उसके बाद पास के लिए आवेदन किया। लगभग दो घंटे के बाद उन्हें प्रवेश पास मिला।
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वोट के लिए जोड़े हाथ, अब मिलने को घंटों इंतजार
हमीरपुर से आई निर्मल देवी, पूनम देवी और सोनू ने कहा कि चुनावों के समय नेताओं ने हाथ जोड़कर उनसे वोट मांगे और अब नेताओं से मिलने के लिए उन्हें घंटों इंतजार करना पड़ा रहा है।
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व्यवस्था के नाम पर कुछ नहीं
मंडी के दामोदर दास और उनके साथ आए शिक्षा विभाग के कर्मचारियों के प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि गेट के बाहर लोगों के लिए बैठने सहित कोई अन्य व्यवस्था नहीं है। उन्हें नेताओं से मिलने के लिए दो घंटे खड़े-खड़े समय बिताना पड़ा।
अंदर भी नहीं बैठने का प्रबंध
पांगी के विशेश्वर सिंह और कैलाश चंद ने कहा कि वे दो दिनों से तपोवन परिसर में किसी काम से आ रहे हैं, लेकिन परिसर के अंदर भी आम लोगों के बैठने के लिए कोई ठोस प्रबंध नहीं किया गया है, लेकिन को खुले में बैठना पड़ रहा है।
गेट नंबर दो के बाहर बनाया मोबाइल शौचालय
खबर छपते हरकत में आया प्रशासन
अमर उजाला में स्वच्छता अभियान की खुली पोल शीर्षक से खबर छपने के बाद तपोवन विधानसभा परिसर के गेट नंबर दो के बाहर प्रशासन ने मोबाइल शौचालय बना दिया। इससे लोगों को खुले में शौच जाने से राहत मिली। इससे पहले महिलाओं और पुरुषों में जंगल में जाकर शौच आदि करना पड़ता था। इससे पहले गेट के बाहर कोई शौचालय की व्यवस्था नहीं की गई थी।
छोटे प्रतिनिधिमंडलों को करना पड़ा ज्यादा इंतजार
तपावेन विधानसभा परिसर में सीएम और मंत्री से मिलने आए छोटे प्रतिनिधिमंडलों को प्रवेश पास बनाने के लिए ज्यादा इंतजार करना पड़ा। कई प्रतिनिधिमंडलों को दोपहर एक बजे तक का समय पास बनाने में ही लग गया।