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Himachal News: सरल की जाएगी इंद्राज की भाषा, उर्दू के कठिन शब्द सरल होंगे; राजस्व मंत्री नेगी ने दी जानकारी
Thu, 20 Mar 2025 10:18 PM IST
अंकेश डोगरा
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला।
अमर उजाला ब्यूरो, शिमला।
Published by: अंकेश डोगरा
Updated Thu, 20 Mar 2025 10:18 PM IST
सार
हिमाचल सरकार इंद्राज की भाषा को सरल बनाएगी। राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने बताया कि उर्दू के कठिन शब्दों को सरल किया जाएगा।
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कैबिनेट मंत्री जगत सिंह नेगी
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
राजस्व मामलों में उर्दू के कठिन शब्दों के कारण पेश आने वाली समस्या के समाधान के लिए सरकार इंद्राज की भाषा को सरल बनाएगी। राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने बताया कि इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। उर्दू के कठिन शब्दों को सरल किया जाएगा। हिंदी के भी कई शब्द बहुत कठिन है इन्हें शामिल करने के स्थान पर सरल बोलचाल के शब्द जोड़े जाएंगे।
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नेगी ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट में चल रहे जीवन निर्वाह के लिए वन भूमि के इस्तेमाल से संबंधित गोधावर्धन केस में हिमाचल सरकार पार्टी बनेगी। हर हाल में प्रदेश के लोगों को राहत दिलाई जाएगी। सरकार बड़े से बड़ा वकील करेगी। उन्होंने कहा कि 2002 में भाजपा सरकार ने बिना नीति बनाए लोगों से शपथ पत्र भरवाए। प्रदेश के 1.30 लाख लोगों ने शपथपत्र दिए, राहत तो मिनी नहीं, उल्टे लोग नाजायज कब्जाधारी बन गए। इन लोगों को भी अब राहत मिलेगी।
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बंदोबस्त में जिनका नाजायज कब्जा दिखाया गया है उन्हें भी मालिकाना हक मिलेगा। जनजातीय जिले किन्नौर में महिलाओं का संपत्ति के हक पर नेगी ने कहा कि इस मामले में किन्नौर के लोग यूरोपियन देशों से भी आगे है। किन्नौर में भूमि कम है इसलिए यहां बहुपति प्रथा थी ताकि जमीन का बंटवारा न हो। अभी भी पति की मौत के बाद संपत्ति के एक भाग पर पत्नी का हक रहता है। बेटी भी जब तक शादी नहीं करती पिता की संपत्ति के एक भाग पर उसका हक रहता है।
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