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पहले मॉक टेस्ट में बैठाए विद्यार्थी, बाद में कहा आज नहीं होगा
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Students sitting in the first mock test, later said it will not happen today
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हमीरपुर। राष्ट्रीय स्तर पर होने वाले नेशनल एचीवमेेंट सर्वे मॉक टेस्ट के आयोजन को लेकर हमीरपुर के स्कूलों में वीरवार को काफी ऊहापोह की स्थिति रही। जिले के सभी स्कूलों ने पहले इस मॉक टेस्ट के लिए विद्यार्थियों को परीक्षा हाल में बैठा दिया, लेकिन थोड़ी देर के बाद सूचना मिली कि इस मॉक टेस्ट में इंग्लिश मीडियम स्कूलों के बच्चे भाग नहीं ले सकते। केवल हिंदी मीडियम में पढ़ने वाले आठवीं और दसवीं कक्षा के विद्यार्थी ही इस टेस्ट में भाग लेंगे। कुछ देर के बाद फिर से सूचना मिली कि अब केवल उच्च और सीनियर सेकेंडरी स्कूलों में हिंदी माध्यम से पढ़ने वाले विद्यार्थी ही टेस्ट दे पाएंगे। जबकि, मिडल स्कूलों के विद्यार्थी भी टेस्ट नहीं दे सकेंगे।
पल-पल बदलते इन फरमानों के कारण पहले इंग्लिश और बाद में माध्यमिक पाठशालाओं के बच्चे परीक्षा की तैयारी के बावजूद इस मॉक टेस्ट से वंचित रह गए। वीरवार को दिनभर इस टेस्ट के आयोजन में कई तरह की खामियों के कारण स्कूल हेड और खंड स्रोत समन्वयकों की भी अच्छी-खासी कसरत हुई। इस मॉक टेस्ट के आयोजन के कारण जहां स्कूली कक्षाएं प्रभावित हुईं, वहीं स्कूल प्रभारियों को आर्थिक और मानसिक परेशानी से जूझना पड़ा। चूंकि बीआरसी के माध्यम से सभी स्कूलों को व्हाट्सएप और ईमेल के जरिए मॉक टेस्ट के प्रश्नपत्र और ओएमआर शीट भेजी गई थी। अधिकतर स्कूल प्रभारियों ने प्रश्नपत्र और ओएमआर शीट प्रिंट करवाने में भी राशि खर्च कर दी, लेकिन इसका कोई फायदा विद्यार्थियों को नहीं पहुंचा।
बाक्स:
यह है इस टेस्ट की खासियत-
नेशनल एचीवमेंट सर्वे टेस्ट का आयोजन राष्ट्रीय स्तर पर सीबीएसई कर रही है। इस टेस्ट का आयोजन 12 नवंबर को होगा। टेस्ट के जरिये नेशनल स्तर पर आठवीं और दसवीं कक्षा में पढ़ने वाले विद्यार्थियों का लर्निंग लेवल चेक किया जाएगा। दो घंटे की इस परीक्षा में विज्ञान, गणित और हिंदी और सामाजिक शास्त्र विषय से संबंधित प्रश्न पूछे जाएंगे। ऑफलाइन होने वाले इस टेस्ट में ओएमआर शीट का प्रयोग होगा। परीक्षा से कुछ समय पहले ही प्रश्नपत्र ऑनलाइन भेजा जाएगा। बाद में इसका प्रिंट लेकर विद्यार्थियों में प्रश्नपत्र वितरित किए जाएंगे।
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क्या कहते हैं अधिकारी-
जिलाभर के स्कूलों में वीरवार को मॉक टेस्ट का आयोजन किया गया। कहां-कहां किस तरह की कमियां रही हैं, इस बारे मेें शुक्रवार को उपनिदेशक कार्यालय में सभी खंड स्रोत समन्वयकों को बुलाया गया है।
-संजय ठाकुर, उपनिदेशक, प्रारंभिक शिक्षा विभाग हमीरपुर।
भारत सरकार की ओर से नेशनल एचीवमेंट सर्वे टेस्ट का आयोजन 12 नवंबर को होगा। सीबीएसई इस टेस्ट का आयोजन करेगी। वीरवार को मॉक टेस्ट हुआ। यह एक तरह फाइनल टेस्ट की रिहर्सल थी। इंग्लिश मीडियम और माध्यमिक पाठशालाओं के विद्यार्थियों को मॉक टेस्ट से बाहर रखने के आदेश निदेशालय से ही प्राप्त हुए थे, लेकिन फाइनल टेस्ट में आठवीं और दसवीं कक्षा में इंग्लिश और हिंदी मीडियम से पढ़ने वाले सभी विद्यार्थियों को मौका मिलेगा।
-धर्मपाल सिंह, परियोजना अधिकारी, समग्र शिक्षा अभियान एवं प्रिंसिपल डाइट गौना करोर हमीरपुर।
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पल-पल बदलते इन फरमानों के कारण पहले इंग्लिश और बाद में माध्यमिक पाठशालाओं के बच्चे परीक्षा की तैयारी के बावजूद इस मॉक टेस्ट से वंचित रह गए। वीरवार को दिनभर इस टेस्ट के आयोजन में कई तरह की खामियों के कारण स्कूल हेड और खंड स्रोत समन्वयकों की भी अच्छी-खासी कसरत हुई। इस मॉक टेस्ट के आयोजन के कारण जहां स्कूली कक्षाएं प्रभावित हुईं, वहीं स्कूल प्रभारियों को आर्थिक और मानसिक परेशानी से जूझना पड़ा। चूंकि बीआरसी के माध्यम से सभी स्कूलों को व्हाट्सएप और ईमेल के जरिए मॉक टेस्ट के प्रश्नपत्र और ओएमआर शीट भेजी गई थी। अधिकतर स्कूल प्रभारियों ने प्रश्नपत्र और ओएमआर शीट प्रिंट करवाने में भी राशि खर्च कर दी, लेकिन इसका कोई फायदा विद्यार्थियों को नहीं पहुंचा।
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यह है इस टेस्ट की खासियत-
नेशनल एचीवमेंट सर्वे टेस्ट का आयोजन राष्ट्रीय स्तर पर सीबीएसई कर रही है। इस टेस्ट का आयोजन 12 नवंबर को होगा। टेस्ट के जरिये नेशनल स्तर पर आठवीं और दसवीं कक्षा में पढ़ने वाले विद्यार्थियों का लर्निंग लेवल चेक किया जाएगा। दो घंटे की इस परीक्षा में विज्ञान, गणित और हिंदी और सामाजिक शास्त्र विषय से संबंधित प्रश्न पूछे जाएंगे। ऑफलाइन होने वाले इस टेस्ट में ओएमआर शीट का प्रयोग होगा। परीक्षा से कुछ समय पहले ही प्रश्नपत्र ऑनलाइन भेजा जाएगा। बाद में इसका प्रिंट लेकर विद्यार्थियों में प्रश्नपत्र वितरित किए जाएंगे।
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क्या कहते हैं अधिकारी-
जिलाभर के स्कूलों में वीरवार को मॉक टेस्ट का आयोजन किया गया। कहां-कहां किस तरह की कमियां रही हैं, इस बारे मेें शुक्रवार को उपनिदेशक कार्यालय में सभी खंड स्रोत समन्वयकों को बुलाया गया है।
-संजय ठाकुर, उपनिदेशक, प्रारंभिक शिक्षा विभाग हमीरपुर।
भारत सरकार की ओर से नेशनल एचीवमेंट सर्वे टेस्ट का आयोजन 12 नवंबर को होगा। सीबीएसई इस टेस्ट का आयोजन करेगी। वीरवार को मॉक टेस्ट हुआ। यह एक तरह फाइनल टेस्ट की रिहर्सल थी। इंग्लिश मीडियम और माध्यमिक पाठशालाओं के विद्यार्थियों को मॉक टेस्ट से बाहर रखने के आदेश निदेशालय से ही प्राप्त हुए थे, लेकिन फाइनल टेस्ट में आठवीं और दसवीं कक्षा में इंग्लिश और हिंदी मीडियम से पढ़ने वाले सभी विद्यार्थियों को मौका मिलेगा।
-धर्मपाल सिंह, परियोजना अधिकारी, समग्र शिक्षा अभियान एवं प्रिंसिपल डाइट गौना करोर हमीरपुर।