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Hamirpur (Himachal) News: लंबित मांगों पर उग्र पेंशनर सड़क पर उतरे

Thu, 08 Aug 2024 03:12 AM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Thu, 08 Aug 2024 03:12 AM IST
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Angry pensioners took to the streets over pending demands
हिमाचल परिवहन सेवानिवृत कर्मचारी कल्याण मंच के सदस्य गांधी चौक हमीरपुर में आक्रोश रैली निकालते
परिवहन सेवानिवृत्त कर्मचारी कल्याण मंच ने निकाली रोष रैली
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उपायुक्त हमीरपुर के माध्यम से प्रदेश सरकार को भेजा मांगपत्र
कहा, समस्याओं का समाधान न होने पर बुढ़ापे की अवस्था में सड़कों पर उतरने को मजबूर
संवाद न्यूज एजेंसी
हमीरपुर। हिमाचल परिवहन सेवानिवृत्त कर्मचारी कल्याण मंच इकाई हमीरपुर ने बुधवार को लंबित मांगों को लेकर आक्रोश रैली निकाली। पेंशनरों ने बस स्टैंड हमीरपुर, पुलिस चौकी थाना सदर और मुख्य बाजार से होते हुए उपायुक्त कार्यालय तक रैली निकाली। रैली निकालने के बाद पेंशनरों ने उपायुक्त हमीरपुर अमरजीत सिंह के माध्यम से प्रदेश सरकार को ज्ञापन सौंपा। आक्रोश रैली में पेंशनरों ने सरकार और प्रबंधन से अपने वित्तीय लाभ न मिलने और पेंशन का समय पर भुगतान न होने पर जमकर नारेबाजी की। रैली में महिला पेंशनरों ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया। रैली को प्रदेशाध्यक्ष बलराम पुरी, प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष बृज लाल ठाकुर, प्रदेश महामंत्री रूप चंद शर्मा व जिलाध्यक्ष अजमेर ठाकुर ने संबोधित किया।

24 जून को प्रदेशस्तरीय बैठक मंडी में हुई थी। उसमें सरकार को नोटिस दिया गया कि 15 जुलाई तक वार्ता के लिए नहीं बुलाया गया तो प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों पर धरने प्रर्दशन किए जाएंगे। लंबे समय से पेंशनरों की समस्या का समाधान नहीं हो पाया है। ऐसे में पेंशनरों को बुढ़ापे की अवस्था में अपने वित्तीय लाभों को लेकर संघर्ष करना पड़ रहा है। कई बार वे समस्याओं को लेकर मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और परिवहन मंत्री को अवगत करवा चुके हैं लेकिन पेंशनरों की समस्या का कोई भी स्थायी समाधान नहीं हो पाया है। कल्याण मंच का 150 कार्यकर्ताओं का एक प्रतिनिधिमंडल जिलाध्यक्ष अजमेर ठाकुर की अध्यक्षता में छह फरवरी को रात के करीब 12 बजे मुख्यमंत्री के गांव सेरा रेस्ट हाउस में मिला और नौ सूत्रीय मांग पत्र सौंपा था। मुख्यमंत्री ने उन्हें आश्वासन दिया था कि अप्रैल तक आपको वार्ता के लिए बुलाया जाएगा लेकिन अभी तक उनसे कोई भी बातचीत नहीं हुई है। ऐसे में पेंशनरों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। जिलाध्यक्ष अजमेर ठाकुर ने कहा कि परिवहन निगम से करीब 8000 कर्मचारी सेवानिवृत्त हो चुके हैं व सरकार के पास परिवहन पेंशनरों के लगभग 300 करोड़ रुपये लेने को हैं। जिन पेंशनरों के फैसले उच्च न्यायालय से उनके पक्ष में हुए हैं उन्हें भी इन लाभों को नहीं दिया जा रहा है। रिव्यू पिटीशन (समीक्षा याचिका) डालकर निगम का करोड़ों रुपये वकीलों को दिया जा रहा है। इसलिए कल्याण मंच के वरिष्ठ नागरिक इस बुढ़ापे में सरकार से वित्तीय लाभ न मिलने व पेंशन विरोधी रवैये से तंग आकर सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर हुए हैं। इस मौके पर ओम प्रकाश, नंदलाल, बलदेव, रघुनाथ, रामलाल, बलबीर पठानियां, कांता देवी, उर्मिला, रत्नी देवी, हरनाम, सुरिंदर, सुखदेव सहित अन्य पेंशनर उपस्थित रहे।
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