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Chamba News: पुल जर्जर... जान हथेली पर रखकर निकल रहे ग्रामीण
Mon, 17 Nov 2025 10:37 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Mon, 17 Nov 2025 10:37 PM IST
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जनजातीय क्षेत्र पांगी के आजगोग में जर्जर पुल। जागरूक पाठक
पांगी (चंबा)। पांगी की पुर्थी पंचायत में शहीद दीनानाथ वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला के पास जर्जर पुल लोगों की चिंता बढ़ा रहा है। पुल पर लगी लकड़ी गल-सड़ चुकी है। पुल आजोग गांव को जोड़ता है और रोजाना इसी रास्ते से स्कूली बच्चे और ग्रामीण जान जोखिम में डालकर गुजरते हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार इस पुल पर कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है। यह पुल वन विभाग द्वारा बनाया गया था। कई बार इस पुल की दशा सुधारने को लेकर वे आवाज उठा चुके हैं। बावजूद इसके अभी तक समस्या का समाधान न हो पाना चिंता का कारण बना हुआ है।
ग्रामीण रमेश कुमार, संजीव कुमार, दलीप कुमार, राकेश कुमार, मनसा राम और मनोहर लाल ने बताया कि रात के समय यदि किसी का पांव सड़-गल चुके फट्टे में फंसता है तो वह चोटिल हो सकता है। इतना ही नहीं, पुल की रेलिंग भी टूट चुकी है। इस कारण यहां से होकर आवाजाही करना चुनौतीपूर्ण बना हुआ है।
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गांववासियों ने बताया कि एक अन्य पुल भी मौजूद है, लेकिन उस रास्ते पर लगातार पहाड़ी से पत्थर गिरने का खतरा बना रहता है, जिसके कारण बच्चे उस रास्ते का उपयोग नहीं करते हैं। उन्होंने इस पुल की जल्द मरम्मत करने की मांग की है। इससे स्कूली बच्चों के साथ आम लोगों को भी राशन और अन्य सामान लाने में कोई दिक्कत न आए।
इस बारे में सरकार को लिखा गया है। बावजूद इसके बजट के अभाव में कार्य आरंभ नहीं हो पाया है। रवि गुलेरिया, डीएफओ, वन विभाग पांगी
पांगी दौरे के दौरान किसी ने भी उन्हें पुल के बारे में नहीं बताया। यदि पुल जर्जर हाल में है तो उसे जल्द ठीक करवाया जाएगा और विभाग से इस बारे में बात की जाएगी। जगत सिंह नेगी, राजस्व मंत्री
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स्थानीय लोगों के अनुसार इस पुल पर कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है। यह पुल वन विभाग द्वारा बनाया गया था। कई बार इस पुल की दशा सुधारने को लेकर वे आवाज उठा चुके हैं। बावजूद इसके अभी तक समस्या का समाधान न हो पाना चिंता का कारण बना हुआ है।
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ग्रामीण रमेश कुमार, संजीव कुमार, दलीप कुमार, राकेश कुमार, मनसा राम और मनोहर लाल ने बताया कि रात के समय यदि किसी का पांव सड़-गल चुके फट्टे में फंसता है तो वह चोटिल हो सकता है। इतना ही नहीं, पुल की रेलिंग भी टूट चुकी है। इस कारण यहां से होकर आवाजाही करना चुनौतीपूर्ण बना हुआ है।
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गांववासियों ने बताया कि एक अन्य पुल भी मौजूद है, लेकिन उस रास्ते पर लगातार पहाड़ी से पत्थर गिरने का खतरा बना रहता है, जिसके कारण बच्चे उस रास्ते का उपयोग नहीं करते हैं। उन्होंने इस पुल की जल्द मरम्मत करने की मांग की है। इससे स्कूली बच्चों के साथ आम लोगों को भी राशन और अन्य सामान लाने में कोई दिक्कत न आए।
इस बारे में सरकार को लिखा गया है। बावजूद इसके बजट के अभाव में कार्य आरंभ नहीं हो पाया है। रवि गुलेरिया, डीएफओ, वन विभाग पांगी
पांगी दौरे के दौरान किसी ने भी उन्हें पुल के बारे में नहीं बताया। यदि पुल जर्जर हाल में है तो उसे जल्द ठीक करवाया जाएगा और विभाग से इस बारे में बात की जाएगी। जगत सिंह नेगी, राजस्व मंत्री