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Chamba News: देव चिह्नों के साथ चंबा पहुंचे डोडा-भद्रवाह के श्रद्धालु
Wed, 09 Sep 2026 10:26 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Wed, 09 Sep 2026 10:26 PM IST
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चंबा चौगान मेंअपने देव चिंहों संग पहुंचे जेएंडके के श्रद्धालु। संवाद
श्रद्धालुओं ने चौगान की परिक्रमा और विधिवत पूजा-अर्चना कर स्थापित किए देव चिह्न
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। पड़ोसी राज्य जम्मू-कश्मीर के डोडा और भद्रवाह से श्रद्धालुओं का जत्था बुधवार को अपने देव चिह्नों के साथ ऐतिहासिक चंबा चौगान पहुंचा।
चौगान की श्रद्धालुओं ने परिक्रमा की और विधिवत पूजा-अर्चना कर देव चिह्नों को स्थापित किया। इस दौरान पूरा चौगान शिव भजनों से गुंजायमान रहा। धार्मिक माहौल के बीच श्रद्धालुओं ने कुछ समय चौगान में विश्राम किया।
पूजा-अर्चना के बाद श्रद्धालु टोलियों में शहर और आसपास के क्षेत्रों में स्थित प्राचीन मंदिरों के दर्शन के लिए रवाना हुए। उन्होंने मंदिरों में शीश नवाकर सुख-समृद्धि की कामना की। देव चिह्नों के साथ चंबा पहुंचने वाले श्रद्धालुओं में मान सिंह, जगदीप सिंह, योगराज, संजीव कुमार, किशन चंद और मुकेश कुमार शामिल रहे। श्रद्धालुओं ने बताया कि वे लगातार 12 वर्षों से पवित्र मणिमहेश यात्रा में शामिल होने के लिए चंबा पहुंच रहे हैं। उन्होंने कहा कि डोडा और भद्रवाह क्षेत्र में देव चिह्नों के साथ मणिमहेश यात्रा करने की विशेष धार्मिक परंपरा है। इसी आस्था के चलते वे अपने देव चिह्नों को साथ लेकर चंबा पहुंचते हैं। श्रद्धालुओं के अनुसार यात्रा के दौरान इन देव चिह्नों को पवित्र मणिमहेश डल में स्नान करवाने की मान्यता है। डल में देव चिह्नों की डुबकी के बाद श्रद्धालु धार्मिक अनुष्ठान पूरा कर अपने घरों की ओर लौटते हैं। इस परंपरा के तहत चंबा में पड़ाव के बाद श्रद्धालुओं ने अगले चरण की यात्रा शुरू कर दी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। पड़ोसी राज्य जम्मू-कश्मीर के डोडा और भद्रवाह से श्रद्धालुओं का जत्था बुधवार को अपने देव चिह्नों के साथ ऐतिहासिक चंबा चौगान पहुंचा।
चौगान की श्रद्धालुओं ने परिक्रमा की और विधिवत पूजा-अर्चना कर देव चिह्नों को स्थापित किया। इस दौरान पूरा चौगान शिव भजनों से गुंजायमान रहा। धार्मिक माहौल के बीच श्रद्धालुओं ने कुछ समय चौगान में विश्राम किया।
पूजा-अर्चना के बाद श्रद्धालु टोलियों में शहर और आसपास के क्षेत्रों में स्थित प्राचीन मंदिरों के दर्शन के लिए रवाना हुए। उन्होंने मंदिरों में शीश नवाकर सुख-समृद्धि की कामना की। देव चिह्नों के साथ चंबा पहुंचने वाले श्रद्धालुओं में मान सिंह, जगदीप सिंह, योगराज, संजीव कुमार, किशन चंद और मुकेश कुमार शामिल रहे। श्रद्धालुओं ने बताया कि वे लगातार 12 वर्षों से पवित्र मणिमहेश यात्रा में शामिल होने के लिए चंबा पहुंच रहे हैं। उन्होंने कहा कि डोडा और भद्रवाह क्षेत्र में देव चिह्नों के साथ मणिमहेश यात्रा करने की विशेष धार्मिक परंपरा है। इसी आस्था के चलते वे अपने देव चिह्नों को साथ लेकर चंबा पहुंचते हैं। श्रद्धालुओं के अनुसार यात्रा के दौरान इन देव चिह्नों को पवित्र मणिमहेश डल में स्नान करवाने की मान्यता है। डल में देव चिह्नों की डुबकी के बाद श्रद्धालु धार्मिक अनुष्ठान पूरा कर अपने घरों की ओर लौटते हैं। इस परंपरा के तहत चंबा में पड़ाव के बाद श्रद्धालुओं ने अगले चरण की यात्रा शुरू कर दी।

चंबा चौगान मेंअपने देव चिंहों संग पहुंचे जेएंडके के श्रद्धालु। संवाद
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