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Chamba News: मैदान नहीं मिला तो सड़कों पर ही गढ़ दिए चैंपियन
Fri, 03 Apr 2026 10:04 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Fri, 03 Apr 2026 10:04 PM IST
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खेल मैदान की कमी से सलूणी के युवाओं को सड़कों पर ही करना पड़ रहा अभ्यास
एक साल में 20 खिलाड़ियों ने लहराया परचम, खेल मैदान की मांग अभी भी अधूरी
दिनेश राणा
सलूणी (चंबा)। जहां सुविधाओं का अभाव हो, वहां अकसर सपने दम तोड़ देते हैं लेकिन सलूणी के युवाओं ने इस धारणा को गलत साबित कर दिखाया है।
खेल मैदान के अभाव में क्षेत्र के खिलाड़ियों ने अपने हौसलों की उड़ान से देश ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है।
क्षेत्र में खेल मैदान की कमी के चलते युवाओं को मजबूरन स्कूलों के छोटे-छोटे मैदान या फिर सड़कों को ही अभ्यास स्थल बनाना पड़ता है। इतना ही नहीं, पिछले एक साल में करीब 20 खिलाड़ियों ने विभिन्न खेलों में शानदार प्रदर्शन करते हुए देश और विदेश में क्षेत्र का नाम रोशन किया। स्थानीय खिलाड़ियों का कहना है कि संसाधनों की कमी उनके जुनून को रोक नहीं पाई। सुबह-शाम सड़क किनारे या खाली जगहों पर अभ्यास कर उन्होंने अपनी मेहनत से यह मुकाम हासिल किया है। खेल मैदान की मांग को लेकर क्षेत्र के युवा और ग्रामीण कई बार प्रशासन को प्रस्ताव दे चुके हैं। बावजूद इसके आज तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
उधर, एसडीएम सलूणी चंद्रवीर सिंह ने कहा कि मामला ध्यान में लाया गया है। सलूणी में खेल मैदान बनाने के लिए उचित कदम उठाए जाएंगे। ताकि, युवाओं को खेलने और अभ्यास करने की सुविधा मिल सके।
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हमारे पास प्रतिभा की कमी नहीं है, बस जरूरत है एक अच्छे मैदान और सुविधाओं की। अगर सरकार सहयोग करे तो हम और बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। - आर्यन शर्मा, युवा
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बच्चे मेहनत कर रहे हैं लेकिन बिना खेल मैदान के बिना उनका भविष्य सीमित हो रहा है। प्रशासन को जल्द से जल्द इस ओर ध्यान देना चाहिए। - कर्म सिंह, ग्रामीण
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लड़कियों की भी खेलों में रुचि है मगर सुविधाएं नहीं हैं, फिर भी देश स्तर तक पहुंच बनाई है। सरकार से उम्मीद है कि उनकी मेहनत को समझे। - अमर सिंह, ग्रामीण
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बच्चे रोज सड़कों या स्कूल मैदान पर अभ्यास करते हैं। अब सलूणी में अच्छा मैदान मिल जाए तो वह और बेहतर कर सकते हैं। - प्रत्युष कश्मीरी, युवा
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एक साल में 20 खिलाड़ियों ने लहराया परचम, खेल मैदान की मांग अभी भी अधूरी
दिनेश राणा
सलूणी (चंबा)। जहां सुविधाओं का अभाव हो, वहां अकसर सपने दम तोड़ देते हैं लेकिन सलूणी के युवाओं ने इस धारणा को गलत साबित कर दिखाया है।
खेल मैदान के अभाव में क्षेत्र के खिलाड़ियों ने अपने हौसलों की उड़ान से देश ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है।
क्षेत्र में खेल मैदान की कमी के चलते युवाओं को मजबूरन स्कूलों के छोटे-छोटे मैदान या फिर सड़कों को ही अभ्यास स्थल बनाना पड़ता है। इतना ही नहीं, पिछले एक साल में करीब 20 खिलाड़ियों ने विभिन्न खेलों में शानदार प्रदर्शन करते हुए देश और विदेश में क्षेत्र का नाम रोशन किया। स्थानीय खिलाड़ियों का कहना है कि संसाधनों की कमी उनके जुनून को रोक नहीं पाई। सुबह-शाम सड़क किनारे या खाली जगहों पर अभ्यास कर उन्होंने अपनी मेहनत से यह मुकाम हासिल किया है। खेल मैदान की मांग को लेकर क्षेत्र के युवा और ग्रामीण कई बार प्रशासन को प्रस्ताव दे चुके हैं। बावजूद इसके आज तक इस दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
उधर, एसडीएम सलूणी चंद्रवीर सिंह ने कहा कि मामला ध्यान में लाया गया है। सलूणी में खेल मैदान बनाने के लिए उचित कदम उठाए जाएंगे। ताकि, युवाओं को खेलने और अभ्यास करने की सुविधा मिल सके।
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हमारे पास प्रतिभा की कमी नहीं है, बस जरूरत है एक अच्छे मैदान और सुविधाओं की। अगर सरकार सहयोग करे तो हम और बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं। - आर्यन शर्मा, युवा
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बच्चे मेहनत कर रहे हैं लेकिन बिना खेल मैदान के बिना उनका भविष्य सीमित हो रहा है। प्रशासन को जल्द से जल्द इस ओर ध्यान देना चाहिए। - कर्म सिंह, ग्रामीण
लड़कियों की भी खेलों में रुचि है मगर सुविधाएं नहीं हैं, फिर भी देश स्तर तक पहुंच बनाई है। सरकार से उम्मीद है कि उनकी मेहनत को समझे। - अमर सिंह, ग्रामीण
बच्चे रोज सड़कों या स्कूल मैदान पर अभ्यास करते हैं। अब सलूणी में अच्छा मैदान मिल जाए तो वह और बेहतर कर सकते हैं। - प्रत्युष कश्मीरी, युवा