{"_id":"672fa253913217fdfd06a80f","slug":"22-health-workers-became-proficient-in-taking-care-of-the-elderly-chamba-news-c-88-1-ssml1006-136806-2024-11-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chamba News: बुजुर्गों की देखभाल में निपुण हुए 22 स्वास्थ्य कार्यकर्ता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chamba News: बुजुर्गों की देखभाल में निपुण हुए 22 स्वास्थ्य कार्यकर्ता
Sat, 09 Nov 2024 11:26 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Sat, 09 Nov 2024 11:26 PM IST
विज्ञापन
चंबा। बुजुर्गों और मानसिक रोगियों की देखभाल के लिए स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को छह दिवसीय विशेष प्रशिक्षण दिया गया। स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं के छह दिवसीय प्रशिक्षण शिविर का शनिवार को समापन हुआ। मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय के सभागार में आयोजित प्रशिक्षण शिविर में 22 स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं ने भाग लिया।
प्रशिक्षण के दौरान स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को मानसिक रोगियों, बुजुर्गों और असहाय बीमार व्यक्तियों की पहचान करने, उनकी देखभाल करने और उचित चिकित्सा सहायता प्रदान करने की जानकारी दी गई। वे अब अपनी कार्य क्षेत्र में जाकर आशा वर्कर, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (सीएचओ) और चिकित्सा अधिकारियों की सयुंक्त टीम के साथ मिलकर इन लोगों का पता लगाएंगे और उनकी देखभाल में सक्रिय भूमिका निभाएंगे।
यदि किसी व्यक्ति को चिकित्सीय उपचार की आवश्यकता होगी, तो स्वास्थ्य कार्यकर्ता उन्हें अस्पताल भी लेकर जाएंगे और उनके स्वास्थ्य की नियमित जांच करने के लिए समय-समय पर उनसे संपर्क भी करेंगे। यह पहल उन बुजुर्गों और मानसिक रोगियों के लिए एक अहम कदम है, जिन्हें घर पर उचित देखभाल और ध्यान की कमी होती है।
विज्ञापन
समापन मौके पर जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. हरित पुरी ने स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को जरूरी जानकारी दी। प्रशिक्षण शिविर में स्वास्थ्य शिक्षक निर्मला ठाकुर, सीएचओ मीनाक्षी मांडला और स्वास्थ्य कार्यकर्ता जतिन कुमार ने प्रशिक्षक के तौर पर भूमिका निभाई।
विज्ञापन
प्रशिक्षण के दौरान स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को मानसिक रोगियों, बुजुर्गों और असहाय बीमार व्यक्तियों की पहचान करने, उनकी देखभाल करने और उचित चिकित्सा सहायता प्रदान करने की जानकारी दी गई। वे अब अपनी कार्य क्षेत्र में जाकर आशा वर्कर, सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों (सीएचओ) और चिकित्सा अधिकारियों की सयुंक्त टीम के साथ मिलकर इन लोगों का पता लगाएंगे और उनकी देखभाल में सक्रिय भूमिका निभाएंगे।
विज्ञापन
यदि किसी व्यक्ति को चिकित्सीय उपचार की आवश्यकता होगी, तो स्वास्थ्य कार्यकर्ता उन्हें अस्पताल भी लेकर जाएंगे और उनके स्वास्थ्य की नियमित जांच करने के लिए समय-समय पर उनसे संपर्क भी करेंगे। यह पहल उन बुजुर्गों और मानसिक रोगियों के लिए एक अहम कदम है, जिन्हें घर पर उचित देखभाल और ध्यान की कमी होती है।
विज्ञापन
समापन मौके पर जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. हरित पुरी ने स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को जरूरी जानकारी दी। प्रशिक्षण शिविर में स्वास्थ्य शिक्षक निर्मला ठाकुर, सीएचओ मीनाक्षी मांडला और स्वास्थ्य कार्यकर्ता जतिन कुमार ने प्रशिक्षक के तौर पर भूमिका निभाई।