फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Bilaspur News ›   Saffron pomegranates from Tehri cluster, priced at 210 per kg

Bilaspur News: टिहरी क्लस्टर का भगवा अनार की बहार, 210 किलो का दाम

Thu, 04 Sep 2025 11:03 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर Updated Thu, 04 Sep 2025 11:03 PM IST
विज्ञापन
Saffron pomegranates from Tehri cluster, priced at 210 per kg
टिहरी क्लस्टर में अनार के खेप भेजने के दौरान मौजूद अधिकारी व किसान। संवाद
बगीचों में लहलहा रही अनार की फसल, 60 मीट्रिक टन होगी पैदावार
विज्ञापन

क्लस्टर से भेजी गई एक टन खेप, 100 बीघा भूमि पर लगे हैं 8900 भगवा प्रजाति के पौधे

संवाद न्यूज एजेंसी
बरठीं (बिलासपुर)। एपची शिवा परियोजना के तहत बिलासपुर के टिहरी क्लस्टर में तैयार भगवा प्रजाति के अनार को एक रिलायंस कंपनी 210 रुपये में खरीद रही है। यह जानकारी सहायक परियोजना निदेशक डॉ रमल अंगारिया ने दी। उन्होंने बताया कि ट्रायल के तौर पर पांच क्विंटल अनार कंपनी को भेजा गया है, जिसकी कीमत 210 रुपये किलोग्राम लगी है।

उन्होंने बताया कि वीरवार को एक टन की खेप यहां से भेजी गई। बरठीं के टिहरी क्लस्टर में अनार की फसल लहलहा रही है। एचपी शिवा परियोजना के तहत लगभग 100 बीघा में स्थापित इस बगीचे में अनार की फसल पककर तैयार हो चुकी है। लाभार्थी किसान अब इसे बाजार भेजने की तैयारी में जुट गए हैं। साल 2021 में फ्रंट लाइन डेमोस्ट्रेशन के तौर पर टिहरी-एक और टिहरी-दो में करीब दो हेक्टेयर क्षेत्र में अनार के पौधों का रोपण किया गया, जिसे साल 2022 में बढ़ाकर 8 हेक्टेयर (लगभग 100 बीघा) भूमि में 44 बागवानों को जोड़ते हुए क्लस्टर के तौर पर विकसित किया गया है। इस क्लस्टर में भगवा प्रजाति के लगभग 8900 अनार के पौधे रोपित किए गए। भगवा प्रजाति का यह अनार लगभग बिना बीज का होता है, जिसे बच्चे और बुजुर्ग भी आसानी से खा सकते हैं। इसके छिलके पतले होते हैं और इसमें रस की मात्रा अधिक होती है। यह अनार स्वाद में भी अत्यंत उत्तम है। इस साल 60 मीट्रिक टन अनार उत्पादन का लक्ष्य रखा गया है। क्लस्टर में जुड़े किसानों की विभिन्न गतिविधियों को संचालित करने के लिए दि बरठीं कन्वर्जिंग हॉर्टिकल्चर प्रोडक्शन मार्केटिंग एसोसिएशन (सीएचपीएमए) सहकारी समिति लिमिटेड का भी गठन किया गया है। डॉ रमल अंगारिया ने बताया कि किसानों को मार्केट प्रदान करने के लिए और भी कंपनियों से बात चल रही है। इस मौके पर समिति के प्रधान प्रेम लाल नड्डा सहित और किसान मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed